देहरादून। राजधानी देहरादून (Dehradun News) में बुधवार को रंगों का पावन पर्व होली पारंपरिक उल्लास और सामाजिक सद्भाव के साथ मनाया गया। जहाँ एक ओर लोग एक-दूसरे को अबीर-गुलाल लगाकर त्योहार की बधाई दे रहे थे, वहीं दूसरी ओर दून पुलिस की सतर्कता शहर की सड़कों पर सुरक्षा का अहसास करा रही थी।
एसएसपी देहरादून द्वारा त्योहार से पूर्व तैयार की गई व्यापक सुरक्षा रणनीति का असर धरातल पर साफ नजर आया, जिसके परिणामस्वरूप पूरे जनपद में कहीं से भी किसी प्रकार की अप्रिय घटना या हुड़दंग की सूचना प्राप्त नहीं हुई।
दरअसल, होली जैसे बड़े त्योहारों पर अक्सर आपसी विवाद और हुड़दंग की आशंका बनी रहती है। इसे देखते हुए एसएसपी देहरादून ने सभी थाना प्रभारियों और अधीनस्थ अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए थे कि सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी प्रकार की कोताही न बरती जाए। पुलिस के मुताबिक, शहर के चप्पे-चप्पे पर जवानों की तैनाती की गई थी। विशेष रूप से उन क्षेत्रों में गश्त बढ़ाई गई थी, जिन्हें पूर्व के अनुभवों के आधार पर संवेदनशील माना जाता रहा है।
रणनीतिक तैनाती और जीरो टॉलरेंस की नीति
पुलिस की कार्यप्रणाली इस बार विशेष रूप से ‘प्रिवेंटिव पुलिसिंग’ पर केंद्रित रही। जिले के मुख्य चौराहों, जैसे घंटाघर, राजपुर रोड, चकराता रोड और आईएसबीटी क्षेत्र में मोबाइल पेट्रोलिंग यूनिट्स को सक्रिय रखा गया।
बता दें कि पुलिस की टीम ने न केवल मुख्य मार्गों, बल्कि तंग गलियों में भी निरंतर गश्त की, ताकि शराब पीकर वाहन चलाने वाले और सार्वजनिक स्थानों पर अराजकता फैलाने वाले तत्वों पर तुरंत नकेल कसी जा सके। पुलिस कप्तान के निर्देशों के अनुपालन में दून पुलिस ने ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाते हुए संदिग्धों की सघन चेकिंग भी सुनिश्चित की।

भौगोलिक दृष्टि से देहरादून की संवेदनशीलता और तेजी से बढ़ती आबादी को देखते हुए पर्वों पर भीड़ नियंत्रण और कानून व्यवस्था बनाए रखना हमेशा एक बड़ी चुनौती रही है। ऐतिहासिक रूप से दून घाटी अपनी मिश्रित संस्कृति और शांतिपूर्ण माहौल के लिए जानी जाती है, लेकिन हाल के वर्षों में बढ़ती वाहनों की संख्या और पर्यटन के दबाव ने पुलिस के काम को और अधिक चुनौतीपूर्ण बना दिया है।
इसके बावजूद, पुलिस प्रशासन ने इस वर्ष जिस प्रकार से समन्वय दिखाया, उसने राजधानी की सुरक्षा व्यवस्था को एक नई मजबूती प्रदान की है।
जनता ने जताया आभार, कप्तान ने दी बधाई
त्योहार के दौरान पुलिस की इस तत्परता की चहुंओर प्रशंसा हो रही है। शहर के कई संभ्रांत नागरिकों और आमजन ने दून पुलिस के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पुलिस की मौजूदगी के कारण ही महिलाएं और बच्चे बिना किसी भय के त्योहार का आनंद ले सके। पुलिस मीडिया सेल के अनुसार, दिन भर की ड्यूटी के बाद जब शांतिपूर्ण ढंग से त्योहार संपन्न हुआ, तो अधिकारियों ने भी राहत की सांस ली।
वर्तमान में पुलिस बल को हटाकर अब स्थिति की समीक्षा की जा रही है। दून पुलिस परिवार ने शांति व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग देने के लिए सभी जनपद वासियों का धन्यवाद किया है और देशवासियों को होली की हार्दिक शुभकामनाएं दी हैं।
पुलिस के आला अधिकारियों का कहना है कि अगले कुछ घंटों तक विशेष सतर्कता जारी रहेगी ताकि त्योहार के बाद की स्थितियों पर भी नियंत्रण बना रहे।











