Lawrence Bishnoi : लॉरेंस बिश्नोई गैंग ने अब सीधे लोकतंत्र के प्रतिनिधि पर निशाना साधते हुए महाराष्ट्र की राजनीति में तहलका मचा दिया है।
महाराष्ट्र के अकोला में उस वक्त हड़कंप मच गया जब कांग्रेस विधायक साजिद खान पठान को एक अनजान कॉल पर मौत का फरमान सुनाया गया। विधायक का दावा है कि खुद को बिश्नोई गैंग का गुर्गा बताने वाले शुभम लॉन्कर ने उनसे 10 करोड़ रुपये की भारी-भरकम रकम की मांग की है।
धमकी देने वाले ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि अगर मुहर लगी रकम नहीं मिली, तो साजिद खान का अंजाम भी वही होगा जो हाल ही में एनसीपी नेता बाबा सिद्दीकी का हुआ था। इस सनसनीखेज खुलासे के बाद महाराष्ट्र पुलिस के कान खड़े हो गए हैं और विधायक के आवास पर सुरक्षा का घेरा कड़ा कर दिया गया है।
रंगदारी की कॉल और हाई-प्रोफाइल साजिश
विधायक साजिद खान पठान ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि कॉल करने वाले ने न केवल पैसों की मांग की, बल्कि हालिया हाई-प्रोफाइल हत्याओं का जिक्र कर दहशत फैलाने की कोशिश की। अकोला पुलिस ने मामले की गंभीरता को भांपते हुए फौरन एफआईआर दर्ज कर ली है।
तकनीकी सेल अब कॉल लोकेशन और नेटवर्क डंप के जरिए यह पता लगाने में जुटी है कि क्या यह वास्तव में बिश्नोई सिंडिकेट का काम है या किसी सिरफिरे ने गैंग के नाम का इस्तेमाल कर माहौल बिगाड़ने की साजिश रची है। सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि बिश्नोई गैंग अब राजनीतिक हस्तियों को डराकर अपना वर्चस्व स्थापित करने की फिराक में है।
सात समंदर पार कनाडा में भी चटाई धूल
बिश्नोई गैंग का आतंक सिर्फ भारत की सीमाओं तक सीमित नहीं है। कनाडा के कैलगरी शहर में एक भारतीय कारोबारी हरप्रीत बराड़ के ‘मालवा टायर’ नामक ठिकाने पर ताबड़तोड़ फायरिंग की गई। इस हमले की जिम्मेदारी टायसन बिश्नोई और आरजू बिश्नोई नामक सोशल मीडिया हैंडल से ली गई है। वायरल पोस्ट में आरोप लगाया गया है कि कारोबारी हरप्रीत गैंग के विरोधियों को फंडिंग और बुलेटप्रूफ गाड़ियां मुहैया करा रहा था।
पोस्ट में साफ लहजे में लिखा गया कि यह आखिरी चेतावनी थी और अगली बार सीधा निशाना साधा जाएगा। हालांकि, कनाडाई पुलिस ने अभी तक इस दावे पर आधिकारिक मुहर नहीं लगाई है, लेकिन इस घटना ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारतीय गैंगस्टरों के बढ़ते नेटवर्क की पोल खोल दी है।










