देहरादून, 04 अगस्त, 2026 (दून हॉराइज़न)।
CM Dhami Mussoorie Development : उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को मसूरी विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले पुरुकुल इलाके का दौरा किया। इस कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने क्षेत्र के लिए कुल 17 करोड़ 80 लाख रुपये की लागत वाली विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया।
आयोजन के दौरान पूर्व जिला पंचायत उपाध्यक्ष स्वर्गीय दीपक पुण्डीर की स्मृति में बनाए गए नवनिर्मित सामुदायिक भवन का औपचारिक लोकार्पण किया गया। यह सामुदायिक भवन स्थानीय निवासियों को सामाजिक कार्यक्रमों और सार्वजनिक बैठकों के लिए एक व्यवस्थित स्थान प्रदान करेगा।
मुख्यमंत्री धामी ने सार्वजनिक मंच से कहा कि ये सभी विकास कार्य मसूरी क्षेत्र की आधारभूत संरचना को मजबूत करेंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रदेश सरकार बिना रुके और बिना थके अपने सभी वादों को धरातल पर उतारने के लक्ष्य के साथ काम कर रही है।
राज्य में पर्यटन, खेल और एडवेंचर गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए विस्तृत खाका तैयार किया गया है। मसूरी को देश के प्रमुख वेडिंग डेस्टिनेशन और पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए नई बुनियादी सुविधाओं का निर्माण जारी है।
पुरुकुल क्षेत्र में सैन्य धाम का निर्माण कार्य प्रगति पर है, जो राज्य के वीरों की स्मृति को समर्पित रहेगा। इसके साथ ही मसूरी रोपवे के लोअर टर्मिनल तक जाने वाली लगभग 13 किलोमीटर लंबी मुख्य सड़क के उच्चीकरण का काम भी चल रहा है।
जल जीवन मिशन के तहत गंगोल-पंडितवाड़ी पेयजल योजना को पूरा कर लिया गया है। इस परियोजना के जरिए कई ग्रामीण इलाकों के घरों तक शुद्ध पेयजल की आपूर्ति शुरू कर दी गई है।
क्षेत्रीय यातायात को सुगम बनाने के लिए मालदेवता लाल पुल से सिल्ला-मोलधार होते हुए सुआखोली तक जाने वाले मार्ग का सुदृढ़ीकरण किया जा रहा है। यह पूरी परियोजना केंद्रीय सड़क निधि (सीआरएफ) योजना के तहत स्वीकृत की गई है।
दुर्गम इलाकों में बुनियादी ढांचा पहुंचाते हुए ग्राम पंचायत रिखोली के सोलाह गांव में विद्युतीकरण का काम पूरा कर लिया गया है। अब इस गांव के सभी घरों में बिजली की आपूर्ति बहाल कर दी गई है।

मानसून के दौरान नदी-नालों के उफान से होने वाले नुकसान को रोकने के लिए बाल्दी नदी के दोनों तटों पर 1.5 किलोमीटर लंबा सुरक्षा ढांचा तैयार किया जा रहा है। न्यू कैंट रोड क्षेत्र में भी बाढ़ सुरक्षा के विशेष कार्य शुरू कराए गए हैं।
राजनीतिक बयानबाजी पर टिप्पणी करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि विपक्षी दल अफवाहें फैलाकर जनता को भ्रमित करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिनके पास अपनी कोई उपलब्धि नहीं है, वे केवल नकारात्मकता का सहारा ले रहे हैं।
धर्मांतरण पर रोक लगाने के लिए राज्य में सख्त धर्मांतरण विरोधी कानून लागू किया गया है। इसके अलावा समान नागरिक संहिता (यूसीसी) को प्रभावी ढंग से अमल में लाया गया है।
दंगों और उपद्रव के दौरान सार्वजनिक या निजी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ सख्त कानून बनाया गया है। अब किसी भी नुकसान की भरपाई सीधे तौर पर उपद्रवियों की संपत्ति से करने का नियम लागू है।
प्रतियोगी परीक्षाओं में पारदर्शिता लाने के लिए देश का सबसे कड़ा नकल विरोधी कानून लागू किया गया है। इस कानून के बनने के बाद से अब तक 34 हजार से अधिक युवाओं को पारदर्शी प्रक्रिया के तहत सरकारी नौकरियां दी जा चुकी हैं।
स्थानीय स्तर पर स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए नई स्टार्टअप नीति और ‘एक जनपद दो उत्पाद’ जैसी योजनाएं संचालित की जा रही हैं। ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’, ‘होम स्टे योजना’, ‘वेड इन उत्तराखंड’ और ‘सौर स्वरोजगार योजना’ से युवाओं को जोड़ा जा रहा है।
सरकारी आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया गया कि इन आर्थिक पहलों के कारण राज्य की बेरोजगारी दर में 4.4 प्रतिशत की रिकॉर्ड गिरावट दर्ज की गई है। नीति आयोग के सतत विकास लक्ष्य (एसडीजी) इंडेक्स में उत्तराखंड ने देश भर में पहला स्थान हासिल किया है।
सरकार का मुख्य उद्देश्य राज्य से युवाओं के पलायन को रोकना है। इसके साथ ही महिला सशक्तिकरण और मातृशक्ति को आत्मनिर्भर बनाने के लिए विशेष नीतियां लागू की जा रही हैं।
कार्यक्रम में मौजूद कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि मसूरी विधानसभा क्षेत्र में सड़क, पेयजल और सामुदायिक भवनों का काम तेजी से पूरा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में नागरिक सुविधाओं का विस्तार प्राथमिक स्तर पर किया जा रहा है।
इस अवसर पर मसूरी विकास प्राधिकरण और शासन के अधिकारी भी मौजूद रहे। कार्यक्रम में स्थानीय प्रतिनिधियों और राजनीतिक कार्यकर्ताओं की उपस्थिति में विकास कार्यों का जायजा लिया गया।















