नई दिल्ली। दिल्ली की सियासत में आज का दिन रिपोर्ट कार्ड के नाम रहा। ठीक एक साल पहले 20 फरवरी 2025 को जब रेखा गुप्ता ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी, तब चुनौतियां पहाड़ जैसी थीं। शुक्रवार को दिल्ली सचिवालय में पत्रकारों से रूबरू होते हुए सीएम ने साफ कहा कि उनकी सरकार ने ‘शोर’ के बजाय ‘काम’ को प्राथमिकता दी है। उन्होंने इसे महज एक साल का लेखा-जोखा नहीं, बल्कि भाजपा शासन के तहत आए बदलावों का ‘फैक्ट शीट’ बताया। इस दौरान उन्होंने पिछली सरकार पर दिल्ली को अराजकता में धकेलने का सीधा हमला भी बोला।
पहली कैबिनेट और आयुष्मान का वादा
रेखा गुप्ता ने याद दिलाया कि कार्यभार संभालते ही पहली कैबिनेट बैठक में ‘आयुष्मान भारत’ को दिल्ली में लागू करना सबसे बड़ा फैसला था। आंकड़ों के मुताबिक, महज एक साल के भीतर 7 लाख दिल्लीवासियों ने इसमें पंजीकरण कराया है। मुख्यमंत्री ने गर्व से कहा, “अब तक 30 हजार से ज्यादा गरीब भाई-बहन इस योजना से लाभान्वित हो चुके हैं।” यह आंकड़ा बताता है कि स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर जमीनी स्तर पर कितनी भूख थी, जिसे पिछली सरकारों ने नजरअंदाज किया।
झुग्गी वालों को पक्का मकान और बजट
दिल्ली की एक बड़ी आबादी आज भी जेजे क्लस्टर्स में गुजर-बसर करती है। सीएम ने स्पष्ट किया कि उनकी सरकार केवल वादे नहीं कर रही। जेजे क्लस्टर्स के विकास के लिए बजट में 700 करोड़ रुपये का भारी-भरकम प्रावधान किया गया है। बहरहाल, सबसे बड़ी खबर पुनर्वास को लेकर आई—13,000 फ्लैट्स बनकर लगभग तैयार हैं, जिन्हें जल्द ही पात्र परिवारों को सौंप दिया जाएगा। इससे राजधानी की सूरत और गरीबों की सीरत, दोनों बदलने की उम्मीद है।
सड़कों का जाल और यमुना की सफाई
मानसून की आहट से पहले दिल्ली सरकार ने कमर कस ली है। सीएम ने ऐलान किया कि 400 किलोमीटर सड़कों के पुनर्निर्माण का काम बारिश शुरू होने से पहले पूरा कर लिया जाएगा। जलभराव की समस्या पर बोलते हुए उन्होंने बताया कि 72 हॉटस्पॉट्स की पहचान की गई है जहां सुधार जारी है। साथ ही, यमुना को बचाने के लिए 37 में से 28 एसटीपी (Sewage Treatment Plants) को अपग्रेड कर दिया गया है। करीब 22,000 मीट्रिक टन गाद निकालने का अभियान भी चलाया गया, ताकि ड्रेनेज सिस्टम दुरुस्त रहे।
आर्थिक स्थिरता और नई कार्य संस्कृति
प्रशासनिक मोर्चे पर एक बड़ा उलटफेर करते हुए दिल्ली सरकार ने RBI के साथ हाथ मिलाया है। सीएम ने बताया कि आरबीआई अब दिल्ली का आधिकारिक बैंकर है, जिससे वित्तीय पारदर्शिता बढ़ेगी। नंद नगरी फ्लाईओवर का काम पूरा हो चुका है और बारापुल्ला फ्लाईओवर को लेकर उन्होंने पिछली सरकार को घेरा। उनके मुताबिक, बारापुल्ला जून तक पूरा हो जाएगा। साफ है कि सरकार अब ‘डेडलाइन’ पर काम कर रही है। जनता की शिकायतों के लिए ‘जन सुनवाई पोर्टल’ को भी पूरी तरह अपडेट कर दिया गया है ताकि लोगों को दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें।








