Dehradun Bank Scam : देहरादून (Dehradun) में शनिवार को राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन (Rashtriya Kisan Mazdoor Sangathan) ने अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक (Urban Co-operative Bank) द्वारा किसानों और मजदूरों के साथ किए गए कथित घोटाले की जांच के लिए ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन देश के गृहमंत्री अमित शाह (Amit Shah) को संबोधित था, जिसे जिला प्रशासन के प्रतिनिधि नायब तहसीलदार सुरेश सेमवाल (Suresh Semwal) को दिया गया। संगठन के प्रदेश प्रभारी अरुण कुमार शर्मा (Arun Kumar Sharma) के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने अपनी मांगों को मजबूती से रखा।
2011-12 से जारी धांधली का आरोप
अरुण कुमार शर्मा ने जानकारी दी कि अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक में यह घोटाला वर्ष 2011-12 से निरंतर चल रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि बैंक के संचालक मंडल और RBI के ऑडिट ग्रुप के बीच गहरी साझेदारी रही है, जिसके कारण यह फर्जीवाड़ा संभव हुआ। शर्मा ने स्पष्ट किया कि बैंक प्रबंधन किसानों और मजदूरों की जमा की गई शेयर मनी को अवैध रूप से हड़प चुका है। इस मामले में पुलिस और RTO की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए गए हैं।
प्रशासन और जांच एजेंसियों पर उठाए सवाल
संगठन के अनुसार, वर्ष 2022 से ही RTO और पुलिस को इस बैंक घोटाले के बारे में जानकारी थी, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। अरुण ने कहा कि कार्रवाई का अभाव साबित करता है कि इस भ्रष्टाचार में सिस्टम के कई लोग बराबर के जिम्मेदार हैं। ज्ञापन सौंपने के दौरान कपिल पंवार (Kapil Panwar), राहुल रुहेला (Rahul Ruhela), मोहम्मद शराफत (Mohammad Sharafat), मोहित (Mohit) और महताब सिद्दीकी (Mahtab Siddiqui) मुख्य रूप से मौजूद रहे।
गृहमंत्री के घेराव का था कार्यक्रम

प्रदेश प्रभारी ने बताया कि आज राज्य के दौरे पर आए अमित शाह के घेराव का कार्यक्रम पूर्व निर्धारित था। हालांकि, जिला प्रशासन के विशेष निवेदन के बाद संगठन ने घेराव को टाल दिया और प्रदेश प्रभारी के निवास पर ही ज्ञापन सौंपने की प्रक्रिया पूरी की गई। नायब तहसीलदार सुरेश ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि उनकी मांगों को यथाशीघ्र गृहमंत्री तक पहुंचा दिया जाएगा। संगठन ने चेतावनी दी है कि समाधान न होने पर आंदोलन तेज किया जाएगा।











