देहरादून। देहरादून के कोतवाली पटेलनगर क्षेत्र के अंतर्गत पेट्रोल पंप केस में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। शिमला बाईपास रोड स्थित राजेश फ्यूल पेट्रोल पंप पर डीजल के पैसों के लेनदेन को लेकर हुए विवाद के बाद पंप को आग लगाने की कोशिश करने वाले मुख्य आरोपी अनस को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार गठित टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी को धर दबोचा।
डीजल पेमेंट को लेकर शुरू हुआ विवाद
घटनाक्रम की शुरुआत 17 फरवरी 2026 को हुई जब एक डम्फर पर सवार तीन व्यक्तियों ने राजेश फ्यूल पेट्रोल पंप पर डीजल भरवाया। डीजल डलवाने के बाद पैसों के भुगतान को लेकर डम्फर सवारों का पंप कर्मियों के साथ तीखा विवाद हो गया। विवाद इतना बढ़ गया कि डम्फर सवारों ने अपने अन्य परिचितों को मौके पर बुला लिया।

पंप को फूंकने का प्रयास और जान से मारने की धमकी
पंप मालिक राजेश अग्रवाल द्वारा दी गई तहरीर के अनुसार डम्फर सवारों के बुलावे पर मोटरसाइकिल संख्या UK-07-BJ-0090 से उनके परिचित वहां पहुंचे। इन युवकों ने पेट्रोल पंप परिसर में आग लगाने का दुस्साहस किया और वहां मौजूद कर्मचारियों को जान से मारने की धमकी दी। इस घटना से क्षेत्र में हड़कंप मच गया और पंप कर्मियों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो गए।
पटेलनगर पुलिस की त्वरित जांच और गिरफ्तारी
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए एसएसपी देहरादून ने तत्काल गिरफ्तारी के आदेश दिए थे। चौकी प्रभारी नयागाँव उ0नि0 वैभव गुप्ता और उनकी टीम ने घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी कैमरों की जांच की। पुलिस ने मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया जिससे संदिग्धों की पहचान संभव हो सकी। जांच के दौरान पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग हाथ लगे जिससे आरोपियों की लोकेशन ट्रैक की गई।
मोहनी रोड रिस्पना नदी के पास से हुई धरपकड़
22 फरवरी 2026 को पुलिस टीम ने चेकिंग के दौरान मोहनी रोड रिस्पना नदी के पास से अभियुक्त अनस पुत्र अकरम को गिरफ्तार किया। 21 वर्षीय अनस देहरादून के परवल गांव का निवासी है। पुलिस ने उसके खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत मुकदमा पंजीकृत किया है। वर्तमान में पुलिस इस वारदात में शामिल अन्य फरार अभियुक्तों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।










