देहरादून। उत्तराखंड में 2027 के विधानसभा चुनाव की बिसात बिछनी शुरू हो गई है। प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने शनिवार को पिथौरागढ़ जिले के मुनस्यारी से आए दर्जनों कद्दावर जनप्रतिनिधियों को भाजपा की सदस्यता दिलाई। सीमांत क्षेत्र के इन नेताओं का सत्ताधारी दल में शामिल होना धारचूला विधानसभा क्षेत्र के समीकरणों को पूरी तरह बदल सकता है।
नगर पंचायत अध्यक्ष राजेंद्र पांगती के नेतृत्व में आए इस जत्थे में कई सभासद और पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य भी शामिल थे। भाजपा मुख्यालय में आयोजित इस मिलन कार्यक्रम में महेंद्र भट्ट ने कहा कि मुनस्यारी जैसे दुर्गम और सीमांत क्षेत्र से इतनी बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधियों का आना डबल इंजन सरकार की नीतियों पर मुहर है। भट्ट ने स्पष्ट किया कि पार्टी का लक्ष्य अब उन सीटों को जीतना है जहां पिछले चुनावों में मामूली अंतर से हार हुई थी।
धारचूला विधानसभा सीट भाजपा के लिए रणनीतिक रूप से अत्यंत महत्वपूर्ण हो गई है। साल 2022 के चुनावों में भाजपा उम्मीदवार धन सिंह धामी यहाँ कांग्रेस के हरीश धामी से मात्र 1118 वोटों के बेहद करीबी अंतर से चुनाव हार गए थे। मुनस्यारी नगर पंचायत के वर्तमान बोर्ड और स्थानीय प्रभाव रखने वाले पांगती के आने से भाजपा ने उस 1% वोट बैंक की खाई को पाटने की कोशिश की है जिसने पिछली बार उसे सत्ता से दूर रखा था।
ज्वाइनिंग कार्यक्रम के दौरान मुनस्यारी नगर पंचायत अध्यक्ष राजेंद्र पांगती के अलावा सभासद गणेश पांगती, जितेंद्र जोठा, हंसा देवी और पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य सुरेंद्र सिंह बृजवाल ने भी कमल थामा। इसके अलावा छूरातोली के पूर्व प्रधान पुष्कर सिंह समेत दर्जनों कार्यकर्ताओं ने पार्टी की सदस्यता ली। प्रदेश महामंत्री कुंदन परिहार ने इस पूरे कार्यक्रम का संचालन किया और दावा किया कि सीमांत क्षेत्र का यह विश्वास आगामी चुनाव में निर्णायक साबित होगा।









