Free Solar Panel Yojana 2026 : बिहार सरकार ने राज्य के आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिए ‘कुटीर ज्योति’ योजना के विस्तार का फैसला किया है। इस पहल के तहत चिन्हित 2.5 लाख बीपीएल (BPL) परिवारों की छतों पर 1.5 किलोवाट क्षमता के सोलर पैनल बिना किसी शुल्क के लगाए जा रहे हैं।
यह महत्वाकांक्षी परियोजना केंद्र की ‘पीएम सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना’ के साथ एकीकृत है, जिसका उद्देश्य बिहार के सुदूर इलाकों में स्वच्छ ऊर्जा पहुंचाना है। सरकार ने आवेदन की अंतिम तिथि को 28 फरवरी से बढ़ाकर अब 31 मार्च 2026 कर दिया है, ताकि अधिक से अधिक पात्र परिवार इस योजना का हिस्सा बन सकें।
विशेषज्ञों के अनुसार, 1.5 किलोवाट का यह सिस्टम एक औसत गरीब परिवार के लिए पर्याप्त बिजली पैदा करेगा, जिससे दिन के समय पंखे, लाइट और मोबाइल चार्जिंग जैसे उपकरण सीधे सौर ऊर्जा से चलेंगे। इससे न केवल मासिक बिजली बिल शून्य हो जाएगा, बल्कि उपभोक्ताओं को सालाना औसतन 18,000 रुपये की सीधी बचत होगी।
इस योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक के पास पक्की छत और कम से कम 64 वर्ग फीट की छाया-मुक्त जगह होनी अनिवार्य है। लाभार्थी ‘सुविधा’ मोबाइल ऐप के माध्यम से अपना कंज्यूमर नंबर और ओटीपी दर्ज कर आवेदन कर सकते हैं, जहां उन्हें बीपीएल कार्ड और आधार जैसे दस्तावेज अपलोड करने होंगे।
जिन परिवारों के पास स्मार्टफोन की सुविधा नहीं है, वे अपने नजदीकी ‘वसुधा केंद्र’ या बिजली विभाग के ‘सुविधा काउंटर’ पर जाकर निशुल्क पंजीकरण करा सकते हैं। केंद्र सरकार जहां सामान्य श्रेणी के लिए 30,000 से 78,000 रुपये तक की सब्सिडी दे रही है, वहीं बिहार सरकार ने बीपीएल परिवारों के लिए इसे पूरी तरह ‘जीरो कॉस्ट’ मॉडल पर लागू किया है।
बिहार में प्रति व्यक्ति बिजली खपत पिछले एक दशक में तेजी से बढ़ी है, ऐसे में ग्रिड पर बढ़ते बोझ को कम करने के लिए यह विकेंद्रीकृत सौर ऊर्जा मॉडल गेम-चेंजर साबित हो सकता है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि सोलर पैनल लग जाने के बाद उनकी नियमित सफाई और रखरखाव की जिम्मेदारी स्वयं उपभोक्ता की होगी।












