home ताज़ा समाचार देश विदेश क्राइम मनोरंजन बिजनेस ऑटो गैजेट्स खेल हेल्थ लाइफस्टाइल धर्म राशिफल लव राशिफल अंक राशिफल पंचांग करियर ट्रेंडिंग वीडियो

PM Kisan 23rd Installment पर बड़ा अपडेट, इन 14 राज्यों के किसानों के लिए बदली गाइडलाइन

केंद्र सरकार ने पीएम किसान सम्मान निधि की 23वीं किस्त से पहले 'किसान आईडी' अनिवार्य कर दी है। 14 राज्यों के लाभार्थियों को अब डिजिटल पहचान पत्र बनवाना होगा, अन्यथा अगली किस्त के 2,000 रुपये रुक सकते हैं।

PM Kisan 23rd Installment पर बड़ा अपडेट, इन 14 राज्यों के किसानों के लिए बदली गाइडलाइन

HIGHLIGHTS

  • 14 प्रमुख राज्यों में किसान आईडी (Farmer ID) बनाना अनिवार्य हुआ।
  • जून या जुलाई 2026 में जारी हो सकती है योजना की 23वीं किस्त।
  • नए रजिस्ट्रेशन के लिए आधार लिंक मोबाइल और जमीन के दस्तावेज जरूरी।

नई दिल्ली, 06 अप्रैल 2026 (दून हॉराइज़न)। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ ले रहे करोड़ों किसानों के लिए सरकार ने सख्त निर्देश जारी किए हैं, जिसके तहत अब डिजिटल ‘किसान आईडी’ के बिना अगली किस्त का भुगतान रोकना तय माना जा रहा है। हाल ही में मार्च 2026 के दौरान 22वीं किस्त जारी होने के बाद अब प्रशासन का पूरा ध्यान 23वीं किस्त के वितरण को पारदर्शी बनाने पर है।

उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान और मध्य प्रदेश समेत देश के 14 राज्यों में इस नई व्यवस्था को तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है। कृषि मंत्रालय के सूत्रों के अनुसार, एग्रीस्टैक (AgriStack) प्लेटफॉर्म के जरिए तैयार की जा रही यह आईडी अब लाभार्थियों की पहचान का प्राथमिक आधार बनेगी। नए किसानों के लिए इसे पूरी तरह अनिवार्य कर दिया गया है, जबकि पुराने लाभार्थियों को भी पंजीकरण प्रक्रिया जल्द पूरी करने को कहा गया है।

आंध्र प्रदेश, असम, छत्तीसगढ़, गुजरात, कर्नाटक, केरल, महाराष्ट्र, ओडिशा, तमिलनाडु और तेलंगाना के किसानों को भी इस दायरे में रखा गया है। सरकार का मुख्य उद्देश्य योजना में सेंधमारी कर रहे अपात्र लोगों को बाहर करना और सीधे तौर पर वास्तविक किसानों तक फंड पहुंचाना है। इस यूनिक आईडी में किसान की भूमि विवरण, बोई गई फसलों का डेटा और आय का पूरा रिकॉर्ड दर्ज होगा।

पीएम किसान की 23वीं किस्त के आगमन की बात करें तो लाभार्थी जून या जुलाई 2026 के बीच इसकी उम्मीद कर सकते हैं। आमतौर पर चार महीने के अंतराल पर किस्त जारी करने का नियम है। नवंबर 2025 और मार्च 2026 में पिछली किस्तें मिलने के बाद, अगली राशि खेती के सीजन की शुरुआत में ट्रांसफर की जा सकती है। हालांकि, आधिकारिक तारीख का ऐलान डिजिटल डेटा वेरिफिकेशन के बाद ही होगा।

किसान आईडी बनाने की प्रक्रिया को सरल रखा गया है, जहां लाभार्थी राज्य के कृषि पोर्टल या केंद्र के अधिकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म पर लॉग-इन कर सकते हैं। रजिस्ट्रेशन के लिए आधार कार्ड और उससे लिंक सक्रिय मोबाइल नंबर अनिवार्य है। पोर्टल पर जमीन के दस्तावेजों के सत्यापन के बाद e-KYC की प्रक्रिया पूरी होते ही आईडी जनरेट हो जाएगी।

योजना से जुड़ी किसी भी तकनीकी समस्या या भुगतान में देरी होने पर किसान हेल्पलाइन नंबर 155261 या टोल-फ्री नंबर 1800115526 पर संपर्क साध सकते हैं। इसके अतिरिक्त आधिकारिक ईमेल pmkisan-ict@gov.in के माध्यम से भी अपनी शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि डेटा मिसमैच होने की स्थिति में किस्त की राशि रोकी जा सकती है।


देश और दुनिया की ताज़ा ख़बरों (Latest Hindi News) के लिए जुड़े रहें Doon Horizon के साथ। राजनीति (Politics), खेल, मनोरंजन, टेक्नोलॉजी और एजुकेशन से जुड़े हर लाइव अपडेट (Live Updates) और ब्रेकिंग न्यूज़ (Breaking News in Hindi) सबसे पहले पाएं। पढ़िए आपके काम की हर बड़ी खबर, सिर्फ एक क्लिक पर।


Rajat Sharma

रजत शर्मा 'दून हॉराइज़न' में लीड बिज़नेस एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। शेयर बाजार, म्यूचुअल फंड्स, क्रिप्टोकरेंसी और सरकारी आर्थिक नीतियों को कवर करने में उनका लंबा और जमीनी अनुभव है। रजत की सबसे बड़ी खासियत जटिल आर्थिक आंकड़ों और मार्केट ट्रेंड्स को सरल, आम बोलचाल की हिंदी में डिकोड करना है। वे तथ्य-आधारित (Fact-based) और गहराई से रिसर्च की गई स्टोरीज लिखते हैं, ताकि आम निवेशक और व्यापारी सही वित्तीय फैसले ले सकें। रजत की पत्रकारिता हमेशा सत्य, निष्पक्षता और पाठकों के आर्थिक हितों को प्राथमिकता देते हुए आगे बढ़ती है।

Leave a Comment