देहरादून, 19 फरवरी 2026। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विजन के अनुरूप चारधाम यात्रा 2026 (Chardham Yatra 2026 Update) को सुरक्षित और सुगम बनाने के लिए देहरादून जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। जिलाधिकारी सविन बंसल ने गुरुवार को ऋषिपर्णा सभागार में सभी संबंधित विभागों के साथ मैराथन बैठक की। डीएम ने स्पष्ट किया कि ‘अतिथि देवो भवः’ के संकल्प के साथ देवभूमि आने वाले श्रद्धालुओं का स्वागत किया जाएगा।
उन्होंने अधिकारियों को दो टूक कहा कि यात्रा तैयारियों में बजट की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी। यदि किसी विभाग को अतिरिक्त धन की आवश्यकता है, तो जिला प्रशासन तत्काल गैप फंडिंग के जरिए सहायता प्रदान करेगा।
पंजीकरण के लिए ऋषिकेश और विकासनगर में विशेष इंतजाम
श्रद्धालुओं की सबसे बड़ी चुनौती पंजीकरण को लेकर प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है। ऋषिकेश में 30 और विकासनगर में 20 नए पंजीकरण काउंटर स्थापित किए जाएंगे, जो 24 घंटे काम करेंगे। इन केंद्रों पर प्रशिक्षित ऑपरेटर और हाई-स्पीड इंटरनेट सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। डीएम ने कहा कि यात्रियों की भीड़ को देखते हुए मोबाइल टीमें भी तैनात रहेंगी ताकि ऑफलाइन पंजीकरण में किसी को दिक्कत न हो। केंद्रों पर क्यू-मैनेजमेंट, बैठने के लिए उचित शेड और पेयजल की व्यवस्था अनिवार्य रूप से करने को कहा गया है।
हेल्पलाइन नंबर और होल्डिंग एरिया में आधुनिक सुविधाएं
यात्रियों की सुविधा के लिए प्रशासन इस बार तकनीक और सूचना तंत्र को और मजबूत कर रहा है। सभी प्रमुख पड़ावों, होल्डिंग एरिया और पार्किंग स्थलों पर होटल, धर्मशालाओं और कंट्रोल रूम के नंबर सार्वजनिक किए जाएंगे। ऋषिकेश ट्रांजिट कैंप, आईडीपीएल, कटापत्थर और हरबर्टपुर जैसे होल्डिंग क्षेत्रों में जर्मन हैंगर लगाए जाएंगे। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि इन क्षेत्रों में शटल सेवा का संचालन किया जाए ताकि यात्रियों को मुख्य मार्ग से पार्किंग तक आने-जाने में सुविधा हो।

स्वास्थ्य सेवाएं और एंबुलेंस की मुस्तैद तैनाती
चारधाम मार्ग पर श्रद्धालुओं की सेहत को प्राथमिकता देते हुए स्वास्थ्य विभाग को विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम तैनात करने के निर्देश दिए गए हैं। यात्रा मार्ग पर टेस्टिंग किट, पर्याप्त एंबुलेंस और पैरामेडिकल स्टाफ की 24 घंटे मौजूदगी रहेगी। डीएम ने कहा कि स्वास्थ्य संबंधी एडवाइजरी का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए। इसके साथ ही खाद्य आपूर्ति विभाग को निर्देश दिए गए कि स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से फूड पैकेट की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए ताकि आपात स्थिति में यात्रियों को भोजन की समस्या न हो।
परिवहन और फिटनेस: ग्रीन कार्ड के बिना नहीं चलेंगे वाहन
सड़क सुरक्षा को लेकर परिवहन विभाग को सख्त हिदायत दी गई है। यात्रा पर जाने वाले सभी वाहनों की फिटनेस जांच अनिवार्य होगी और केवल फिट वाहनों को ही ग्रीन कार्ड जारी किए जाएंगे। ट्रिप कार्ड के लिए मैनुअल व्यवस्था भी तैयार रखने को कहा गया है ताकि सर्वर डाउन होने पर यात्रा प्रभावित न हो। एनएचएआई को सड़कों पर डिवाइडर, पैराफिट और प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त करने की जिम्मेदारी दी गई है। जल संस्थान को वाटर एटीएम और टैंकरों के माध्यम से शुद्ध पेयजल सुनिश्चित करने का जिम्मा सौंपा गया है।
प्रशासनिक निगरानी और अधिकारियों की जवाबदेही
यात्रा की पल-पल की निगरानी के लिए जिलाधिकारी ने नोडल और सेक्टर अधिकारियों की तैनाती के आदेश दिए हैं। पुलिस प्रशासन को ऋषिकेश और विकासनगर के संवेदनशील पॉइंट्स पर पर्याप्त पुलिस बल, होमगार्ड और पीआरडी जवानों को तैनात करने को कहा गया है। बैठक में सीडीओ अभिनव शाह, एसपी जया बलूनी और एडीएम केके मिश्रा समेत तमाम वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन की इस सक्रियता का मुख्य उद्देश्य 15 अप्रैल तक देहरादून जिले की सीमा के भीतर आने वाले सभी यात्रा पड़ावों को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप तैयार करना है।











