चंडीगढ़, 04 अप्रैल 2026 (दून हॉराइज़न)। हरियाणा में पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता ने मौसम (Haryana Weather Update) का मिजाज पूरी तरह बिगाड़ दिया है, जिससे प्रदेश के कई हिस्सों में मूसलाधार बारिश और ओलावृष्टि का दौर शुरू हो गया है। सिरसा जिले में सबसे अधिक 21 एमएम बारिश रिकॉर्ड की गई है, जिसने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रदेश में ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी कर दिया है।
हिसार जिले में कुदरत का कहर ओलों के रूप में टूटा है। वीरवार देर रात जिले के बालसमंद और डोभी गांवों में हुई भारी ओलावृष्टि ने खेतों में खड़ी और कटाई के लिए तैयार फसलों को बिछा दिया है। गेहूं की कटाई के पीक सीजन में हुई इस बारिश ने किसानों की उम्मीदों पर पानी फेर दिया है।
मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन के अनुसार, 2 अप्रैल को सक्रिय हुए विक्षोभ के कारण सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, जींद, कैथल और भिवानी सहित दक्षिण हरियाणा के महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, गुरुग्राम और फरीदाबाद में भी हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई है।
सिरसा के चोपटा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गांव तरकांवाली में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। यहां वीरवार रात गरज-चमक के साथ हुई बारिश के दौरान एक मकान पर आसमानी बिजली गिर गई। इस घटना में घर की छत और दीवारों को नुकसान पहुंचा है, जबकि 18 वर्षीय युवती ज्योति बिजली की चपेट में आने से गंभीर रूप से झुलस गई। उसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
मौसम विभाग की ताजा अपडेट के अनुसार, राहत के आसार अभी नजर नहीं आ रहे हैं। आगामी 7 अप्रैल से एक और नया और शक्तिशाली पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने जा रहा है।
इसका असर उत्तर-पश्चिम भारत विशेषकर हरियाणा, दिल्ली और एनसीआर के इलाकों में 7, 8 और 9 अप्रैल को देखने को मिलेगा। इस दौरान धूल भरी आंधी चलने और तेज गरज के साथ बारिश होने की प्रबल संभावना है। पर्वतीय क्षेत्रों में होने वाली भारी बर्फबारी के चलते मैदानी इलाकों के तापमान में भी रिकॉर्ड गिरावट दर्ज की जा सकती है।

किसानों के लिए यह समय सबसे चुनौतीपूर्ण साबित हो रहा है। मंडियों और खेतों में पड़ा गेहूं भीगने की कगार पर है। पल-पल बदलते मौसम के कारण किसान कम्बाइन और लेबर के इंतजाम को लेकर ऊहापोह में हैं। शनिवार को भी प्रदेश के कुछ हिस्सों में तेज हवाओं के साथ छींटे पड़ने के आसार बने हुए हैं, जिससे तापमान में गिरावट और ठिठुरन बनी रहेगी।









