देहरादून। उत्तराखंड में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की कवायद तेज हो गई है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी (Uttarakhand News) ने राज्यभर में इंफ्रास्ट्रक्चर, स्वास्थ्य और आपदा प्रबंधन से जुड़ी कई अहम विकास योजनाओं के लिए अपना खजाना खोल दिया है।
कुल 102 करोड़ रुपये की वित्तीय और प्रशासनिक स्वीकृतियों पर मुहर लगाई गई है। सरकार का सीधा फोकस आने वाले कुंभ मेले और मानसून से पहले संवेदनशील इलाकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने पर है।
हरिद्वार को मिलेगा हाईटेक सुरक्षा घेरा
साल 2027 में हरिद्वार में महाकुंभ का आयोजन होना है। करोड़ों श्रद्धालुओं की भीड़ को नियंत्रित करना प्रशासन के लिए किसी चुनौती से कम नहीं होता। इसी को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री ने हरिद्वार में एक अत्याधुनिक ‘पुलिस कमांड कंट्रोल सेंटर’ के निर्माण के लिए 50.27 करोड़ रुपये की बड़ी धनराशि मंजूर की है।
हरकी पैड़ी से ललतारों पुल तक की गलियों की सूरत भी अब पूरी तरह बदलने वाली है। इस इलाके के सुधारीकरण और सौंदर्यीकरण के लिए 9 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। एक अहम फैसले के तहत यह काम अब लक्सर के पीडब्ल्यूडी (PWD) खंड के बजाय ‘स्मार्ट सिटी पीआईयू’ (लो.नि.वि. देहरादून) की देखरेख में कराया जाएगा।
प्राकृतिक आपदा और बाढ़ सुरक्षा पर बड़ा निवेश

हिमालयी नदियों का वेग अक्सर बरसात में भारी तबाही मचाता है। सरकार ने इस खतरे को भांपते हुए आपदा न्यूनीकरण निधि से करोड़ों रुपये जारी किए हैं। वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्राकृतिक आपदाओं से क्षतिग्रस्त हुई सरकारी संपत्तियों की मरम्मत के लिए पीडब्ल्यूडी को 25 करोड़ रुपये दिए गए हैं।
खानपुर (हरिद्वार) विधानसभा क्षेत्र के तहत नारसन-लंडौरा मार्ग पर क्षतिग्रस्त आरसीसी पुल के सुरक्षा कार्य के लिए 2.67 करोड़ की पहली किस्त जारी की गई है। नदियों के भू-कटाव को रोकने के लिए सरकार युद्धस्तर पर काम कर रही है।
चमोली के गैरसैंण में रामगंगा नदी, उत्तरकाशी के हर्षिल में भागीरथी नदी, चंपावत की हुड्डी नदी और देहरादून के धर्मपुर इलाके में सुसवा नदी (दूधा देवी पुल के पास) के तटों पर सुरक्षा दीवार बनाने के लिए करोड़ों रुपये के बजट की पहली किस्त अवमुक्त कर दी गई है।
स्वास्थ्य सुविधाओं और शहीदों के सम्मान पर फैसला
ऊधम सिंह नगर जिले के बाजपुर उपजिला चिकित्सालय में डॉक्टरों के रहने की व्यवस्था को सुधारा जा रहा है। यहां 6 चिकित्साधिकारियों के आवासीय भवनों के निर्माण के लिए 4 करोड़ रुपये मंजूर हुए हैं। उधर, ईमलीखेड़ा नगर पंचायत में लीगेसी वेस्ट (पुराने कूड़े) के निस्तारण के लिए भी 13.90 लाख रुपये दिए गए हैं।
फैसलों की इस कड़ी में एक भावुक निर्णय भी शामिल है। मुख्यमंत्री धामी ने पौड़ी गढ़वाल जिले के रिखणीखाल स्थित राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय डोबरियासार का नाम बदलकर अदम्य साहस का परिचय देने वाले ‘शहीद अनुज नेगी’ के नाम पर रखने का आधिकारिक अनुमोदन प्रदान कर दिया है।











