नई दिल्ली/गुवाहाटी, 06 अप्रैल 2026 (दून हॉराइज़न)। असम में मतदान की तारीख जैसे-जैसे करीब आ रही है, राजनीतिक गलियारों में ‘विदेशी लिंक’ और ‘अघोषित संपत्तियों’ को लेकर दावों का तूफान खड़ा हो गया है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पवन खेड़ा और गौरव गोगोई ने मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा के परिवार को घेरते हुए सीधे तीन सवाल दाग दिए हैं। कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि मुख्यमंत्री की पत्नी के पास न केवल विदेशों में करोड़ों की जायदाद है, बल्कि उनके पास तीन अलग-अलग देशों के पासपोर्ट भी हैं।
दुबई से अमेरिका तक संपत्ति
गुवाहाटी में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान गौरव गोगोई और पवन खेड़ा ने मांग की कि मुख्यमंत्री चुनाव आयोग के सामने नया हलफनामा पेश करें। कांग्रेस ने पूछा है कि क्या उनकी पत्नी की अमेरिका के व्योमिंग में कोई कंपनी है? क्या उनकी पूंजी शेल कंपनियों (मुखौटा कंपनियों) में लगी है? गोगोई ने तीखे लहजे में कहा कि मुख्यमंत्री उन पर पाकिस्तान में बैंक खाते होने का झूठा आरोप लगाते हैं, जबकि वह खुद भगवद्गीता पर हाथ रखकर सच्चाई बताने की हिम्मत नहीं जुटा सकते।

तीन देशों के पासपोर्ट का दावा
पवन खेड़ा ने सनसनीखेज खुलासा करते हुए कहा कि रिंकी भुइयां सरमा (मुख्यमंत्री की पत्नी) के पास संयुक्त अरब अमीरात (यूएई), एंटीगुआ-बारबुडा और मिस्र के पासपोर्ट हैं। खेड़ा के मुताबिक, ये पासपोर्ट क्रमशः 2027, 2031 और 2029 में एक्सपायर होने वाले हैं। कांग्रेस ने केंद्र सरकार से मांग की है कि इस पूरे मामले की जांच के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) गठित किया जाए। जब उनसे पूछा गया कि चुनाव से ठीक चार दिन पहले ही ये खुलासे क्यों, तो खेड़ा ने कहा कि तथ्यों की गहन जांच में समय लगा।
हिमंत का पलटवार

मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे कांग्रेस का ‘डर्टी ट्रिक्स डिपार्टमेंट’ करार दिया है। उन्होंने ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट कर बताया कि कांग्रेस द्वारा दिखाए गए दस्तावेजों में भारी विसंगतियां हैं। मुख्यमंत्री ने तर्क दिया कि पासपोर्ट की कॉपी में उनकी पत्नी के आधिकारिक उपनाम ‘शर्मा’ की जगह ‘सरमा’ लिखा है। इसके अलावा, पासपोर्ट पर लगी तस्वीर किसी मानक बायोमेट्रिक की जगह सार्वजनिक रूप से उपलब्ध कोई इमेज लग रही है।
कानूनी लड़ाई
सीएम सरमा ने चेतावनी दी है कि पवन खेड़ा को इस झूठ के लिए जेल जाना होगा। उन्होंने कहा कि अरबी भाषा के गलत संदर्भ और अमान्य क्यूआर कोड यह साबित करते हैं कि यह फोटोशॉप का कमाल है। इधर, कांग्रेस ने मानहानि के मुकदमे की धमकी पर तंज कसते हुए कहा कि वे अदालत जाने के लिए तैयार हैं।
नेताओं ने कहा कि जब मामला कोर्ट पहुंचेगा, तो वे सच्चाई साबित करने के लिए ‘बोरी भर दस्तावेज’ पेश करेंगे। छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भी इस विवाद में कूदते हुए पीएम मोदी के ‘ना खाऊंगा, ना खाने दूंगा’ वाले नारे पर कार्रवाई की मांग की है।









