रुद्रपुर, 30 जून 2026 (दून हॉराइज़न)।
Uttarakhand Crime : रुद्रपुर कोतवाली क्षेत्र में दिनदहाड़े एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है जहां पड़ोस में रहने वाले एक किशोर ने सूने घर का फायदा उठाते हुए एक नाबालिग किशोरी को अपनी हवस का शिकार बना डाला। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर तफ्तीश तेज कर दी है।
पीड़िता की मां ने रुद्रपुर कोतवाली पहुंचकर पुलिस को लिखित तहरीर सौंपी है। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को बताया कि वह अपने पति और बच्चों के साथ इसी इलाके में निवास करती हैं और उनका पड़ोसी किशोर लंबे समय से उनकी नाबालिग बेटी को अक्सर परेशान करता था। पुलिस आरोपी की धरपकड़ के लिए दबिश दे रही है।

बीते दिनों दोपहर के वक्त परिवार का कोई भी सदस्य घर पर मौजूद नहीं था। मौके की तलाश में बैठे आरोपी किशोर ने इसी का फायदा उठाया और सीधे उनके घर के भीतर घुस गया। उसने तुरंत अपने पास मौजूद चाकू निकाला और किशोरी को डरा धमकाकर चुप करा दिया। पीड़िता बुरी तरह सहम गई।
चाकू के डर से नाबालिग अपना बचाव नहीं कर पाई और आरोपी ने उसके साथ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया। घटना के बाद उसने किशोरी को चेतावनी दी कि यदि उसने किसी को भी यह बात बताई तो वह उसे जान से मार देगा। आरोपी धमकाकर वहां से निकल गया।
कुछ देर बाद जब पीड़ित की मां घर लौटी तो किशोरी ने रोते हुए मां को पूरी आपबीती सुनाई। परिजनों के पैरों तले जमीन खिसक गई। उन्होंने तत्काल रुद्रपुर कोतवाली का रुख किया और पुलिस को पूरी घटना की नामजद लिखित तहरीर दी।

कोतवाली प्रभारी प्रकाश सिंह ने स्पष्ट किया है कि पीड़ित मां की तहरीर के आधार पर सुसंगत धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है और विवेचना प्रचलित है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे उनके आधार पर नियमानुसार आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस टीम इलाके में सुराग तलाश रही है।
प्रकाश सिंह के मुताबिक महिला अपराध के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए जिला पुलिस पूरी तरह से तत्पर है। जांच के बाद जो भी वैज्ञानिक और जमीनी साक्ष्य मिलेंगे उसके बाद आरोपी के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे। पीड़ित परिवार ने पुलिस प्रशासन से कठोरतम सजा की मांग की है।
उत्तराखंड हाईकोर्ट ने नाबालिग के साथ यौन शोषण के एक अन्य मामले में 66 वर्षीय ठेकेदार उस्मान खान को तगड़ा झटका दिया है। अदालत ने आरोपी उस्मान खान के दूसरे जमानत प्रार्थना पत्र पर सुनवाई करते हुए उसे राहत देने से साफ इनकार कर दिया।

ठेकेदार उस्मान खान पर नाबालिग के साथ दुष्कर्म का गंभीर आरोप है। हाईकोर्ट ने अपराध की प्रकृति और साक्ष्यों को देखते हुए जमानत याचिका खारिज कर दी है। पुलिस प्रशासन लगातार ऐसे मामलों में आरोपियों के खिलाफ जेल से बाहर आने के सभी रास्ते बंद करने में जुटा है।









