हरिद्वार, 30 जून 2026 (दून हॉराइज़न)।
Ketan Lal Murder : टिहरी के बहुचर्चित केतन हत्याकांड को लेकर मंगलवार को हरिद्वार के शंकराचार्य चौक पर भारी बवाल हुआ जहां पुलिस ने पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं का काफिला बीच सड़क पर रोक दिया। मौके पर तनाव को देखते हुए भारी पुलिस बल के साथ पैरामिलिट्री फोर्स की तैनाती की गई और हाईवे पर सुरक्षा के मद्देनजर फायर ब्रिगेड की गाड़ियां भी खड़ी कर दी गईं। कार्यकर्ता बैरिकेडिंग हटाकर आगे बढ़ने की जिद पर अड़े रहे।
नगीना लोकसभा सीट से सांसद चंद्रशेखर रावण भारी पुलिस बंदोबस्त को चकमा देते हुए दूसरे रास्ते से हरिद्वार से आगे निकल गए। हाईवे पर भीम आर्मी के समर्थकों ने जमकर नारेबाजी शुरू कर दी जिससे करीब एक घंटे तक यातायात पूरी तरह से ठप रहा। हरिद्वार के एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर, एसपी सिटी अभय प्रताप सिंह और एसपी देहात शेखर चंद सुयाल समेत कई पुलिस अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर मोर्चा संभाला।

अधिकारियों की काफी मशक्कत के बाद उत्तेजित कार्यकर्ताओं को हाईवे से हटाकर बातचीत के लिए डामकोठी ले जाया गया। एसपी सिटी अभय प्रताप सिंह ने स्पष्ट किया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए बड़ी संख्या में टिहरी जाने का प्रयास कर रही भीड़ को हरिद्वार में ही रोका गया है और केवल भीम आर्मी के प्रमुख नेताओं को आगे जाने की अनुमति दी गई है। बमुश्किल बैरिकेड हटाकर हाईवे का जाम खुलवाया गया।
तीन दिन पहले भी यूपी के सांसद चंद्रशेखर और हरिद्वार जिले की खानपुर विधानसभा सीट से निर्दलीय विधायक उमेश कुमार अपने समर्थकों के भारी काफिले के साथ टिहरी कूच के लिए निकले थे। खुफिया विभाग के सख्त इनपुट पर पुलिस अलर्ट हुई और दोनों नेताओं को शंकराचार्य चौक पर ही बैरिकेड लगाकर रोक दिया था जिससे पुलिस से उनकी तीखी नोकझोंक हुई थी। पुलिस ने तब दोनों नेताओं को केतन के परिजनों से हरिद्वार में ही मिलवाने का आश्वासन देकर स्थिति को नियंत्रित किया था।
भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने पुलिस-प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि टिहरी में दलित युवक केतन की निर्मम हत्या के बाद पूरा परिवार भारी खौफ में जी रहा है। पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे भीम आर्मी चीफ और अन्य नेताओं को बलपूर्वक रोकना प्रशासन की पूरी तरह से तानाशाही है।

देवल गांव निवासी केतन लाल की बीती 7-8 जून की रात खोलगढ़ गांव में पीट-पीटकर बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। केतन का एक स्थानीय लड़की से प्रेम प्रसंग था और बीती रात लड़की के फोन करने पर वह अपने दोस्त दिवाकर डिमरी के साथ बाइक पर सवार होकर वहां पहुंचा था। लड़की के पिता, भाई और अन्य परिजनों ने वहां पहुंचते ही दोनों दोस्तों को पकड़कर बंधक बना लिया।
लड़की के सामने ही केतन और उसके दोस्त दिवाकर को बुरी तरह से पीटा गया जिससे केतन लाल की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। इस हत्याकांड के बाद से ही टिहरी और आसपास के इलाकों में तनाव बना हुआ है और पुलिस ने मुख्य आरोपियों की धरपकड़ के लिए कई जगहों पर लगातार दबिश दी है।









