Kashmiri Chai Recipe : कश्मीर की वादियों की पहचान मानी जाने वाली ‘गुलाबी चाय’ न केवल दिखने में आकर्षक है, बल्कि यह शरीर को अंदरूनी गर्माहट देने में भी माहिर है। पारंपरिक रूप से इसे ‘नुन चाय’ कहा जाता है, जिसमें ‘नुन’ का अर्थ नमक होता है, लेकिन देश के अन्य हिस्सों में इसे चीनी के साथ ‘शीरी चाय’ के रूप में भी पसंद किया जाता है।
इसकी सबसे बड़ी खासियत इसका हल्का गुलाबी रंग है, जो किसी आर्टिफिशियल फूड कलर से नहीं, बल्कि चाय की पत्तियों और बेकिंग सोडा के बीच होने वाली रासायनिक प्रक्रिया से उभरता है।
कश्मीरी चाय बनाने के लिए आवश्यक सामग्री
- पानी: 2 कप (शुरुआत के लिए) + 2 कप (एकदम ठंडा/बर्फ वाला पानी)
- दूध: 2 कप फुल क्रीम
- कश्मीरी चाय पत्ती: 3 बड़े चम्मच
- मसाले: 4-5 लौंग, 4-5 कुटी हुई हरी इलायची, 2 छोटे टुकड़े दालचीनी
- बेकिंग सोडा: एक-तिहाई छोटी चम्मच
- मिठास: 2 छोटी चम्मच चीनी (स्वादानुसार)
- गार्निश: बारीक कटे पिस्ता और बादाम
बनाने की विधि: स्टेप-बाय-स्टेप गाइड
- सबसे पहले एक गहरे पैन में 2 कप पानी गर्म करें। इसमें लौंग, कुटी हुई इलायची और दालचीनी के टुकड़े डालें।
- अब इसमें कश्मीरी चाय पत्ती मिलाएं और मीडियम आंच पर तब तक उबलने दें जब तक कि पानी आधा न रह जाए।
- जब पानी कम हो जाए, तब इसमें बेकिंग सोडा डालें। सोडा डालते ही मिश्रण में झाग बनेगा, इसे चम्मच से चलाते रहें।
- अब इसमें 2 कप बर्फ जैसा ठंडा पानी (Chilled Water) डालें। यही वह स्टेप है जो चाय के रंग को गहरा लाल या मरून बनाता है, जो बाद में दूध मिलने पर गुलाबी हो जाता है।
- इस मिश्रण को करीब 20 से 30 मिनट तक धीमी आंच पर उबालें और बीच-बीच में कलछी से ऊपर की तरफ उछालते हुए फेंटें। इसे ‘Aeration’ कहते हैं, जिससे रंग बेहतर निखरता है।
- अब एक अलग बर्तन में फुल क्रीम दूध उबालें और उसमें चीनी मिलाएं।
- तैयार चाय के अर्क (कह्वा) को छानकर धीरे-धीरे उबलते हुए दूध में मिलाएं। जैसे ही दूध का रंग हल्का गुलाबी हो जाए, इसे आंच से उतार लें।
- कप में निकालें और ऊपर से बारीक कटे बादाम और पिस्ता डालकर गर्मागर्म सर्व करें।





