हरिद्वार। उत्तराखंड के हरिद्वार जिले में महिलाओं और नाबालिगों के खिलाफ बढ़ते अपराधों ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। जिले के दो अलग-अलग थाना क्षेत्रों में नाबालिगों के साथ दुष्कर्म की वारदातों से हड़कंप मच गया है।
भगवानपुर क्षेत्र में कक्षा 10 में पढ़ने वाली एक 17 वर्षीय छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म का सनसनीखेज मामला उजागर हुआ है। परिजनों की शिकायत के अनुसार, गांव के ही एक युवक ने छात्रा को बहला-फुसलाकर उसके साथ दुराचार किया, जिसके बाद उसके तीन अन्य दोस्तों ने भी पीड़िता को अपनी हवस का शिकार बनाया।
भगवानपुर थाना अध्यक्ष राजीव रौथान ने बताया कि पुलिस ने चार नामजद आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरोपियों में से एक मंगलौर और दूसरा उत्तर प्रदेश का रहने वाला है, जबकि दो अन्य स्थानीय हैं। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है जिनसे पूछताछ जारी है।

दूसरी घटना पथरी थाना क्षेत्र की है, जहां 13 साल की एक मासूम के साथ पड़ोस के ही एक युवक ने दरिंदगी की। रविवार शाम जब बच्ची घर के बाहर खेल रही थी, तभी आरोपी विष्णु उसे फुसलाकर ले गया। नमाज पढ़कर लौटी मां ने जब बच्ची को गायब पाया तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की, जिसके बाद रात करीब 9 बजे पीड़िता बदहवास हालत में घर लौटी।
पथरी थाना प्रभारी मनोज नौटियाल के मुताबिक, पीड़िता की मां की तहरीर पर आरोपी विष्णु के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस की टीमें आरोपी की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। दोनों ही मामलों में पीड़ितों का मेडिकल परीक्षण कराया जा रहा है ताकि साक्ष्यों को पुख्ता किया जा सके।
उत्तराखंड में हाल के महीनों में नाबालिगों के खिलाफ बढ़ते अपराधों को देखते हुए स्थानीय सामाजिक संगठनों ने कड़े कानून और त्वरित न्याय की मांग की है। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि महिलाओं की सुरक्षा सर्वोपरि है और इन मामलों में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।









