Guru Purnima Puja : सनातन परंपरा में आषाढ़ पूर्णिमा का विशेष धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व माना गया है। इस दिन को गुरु पूर्णिमा के रूप में भी बड़ी श्रद्धा के साथ मनाया जाता है।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, पूर्णिमा की तिथि धन की देवी मां लक्ष्मी और भगवान विष्णु का आशीर्वाद पाने के लिए सबसे उत्तम मानी गई है।
इस साल आषाढ़ पूर्णिमा 29 जुलाई, बुधवार को पड़ रही है। इस दिन यदि सही विधि-विधान से पूजन किया जाए और कुछ बेहद सरल उपाय अपनाए जाएं, तो जीवन में आ रही आर्थिक बाधाएं दूर होती हैं और घर में सकारात्मक ऊर्जा का वास होता है।
आइए जानते हैं उन खास उपायों के बारे में, जिन्हें आषाढ़ पूर्णिमा पर करना बेहद शुभ माना गया है।
मां लक्ष्मी के साथ कुबेर देव का पूजन
आषाढ़ पूर्णिमा के शुभ अवसर पर सुबह स्नान के बाद भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की विधिवत पूजा करें। पूजा में मां लक्ष्मी के साथ-साथ धन के देवता कुबेर और भगवान गणेश का ध्यान जरूर करें।
पूजा के दौरान मां लक्ष्मी को कमल का फूल अर्पित करें। माना जाता है कि कमल का पुष्प अर्पित करने से आर्थिक पक्ष मजबूत होता है और धन लाभ के योग बनते हैं।
मुख्य द्वार पर दीपक जलाने की परंपरा
पूर्णिमा की शाम को घर के मुख्य द्वार पर देसी घी का एक दीपक जरूर जलाएं। शास्त्रों में मान्यता है कि शाम के समय मां लक्ष्मी का आगमन होता है।
द्वार पर दीपक जलाने से घर की नकारात्मक ऊर्जा खत्म होती है और खुशहाली का वातावरण बनता है।
खीर का भोग लगाकर पाएं आशीर्वाद
मां लक्ष्मी की कृपा पाने के लिए पूर्णिमा पर खीर का भोग लगाना सबसे उत्तम उपाय माना जाता है। इस दिन चावल की खीर बनाकर उसमें थोड़ा सा केसर या मिश्री मिलाएं।
पूजा के समय इस खीर का भोग लगाएं और बाद में इसे परिवार के सदस्यों में प्रसाद के रूप में बांट दें। मान्यता है कि इससे घर में स्थायी रूप से सुख-समृद्धि बनी रहती है।
करियर और धन के लिए पीली वस्तुओं का दान
गुरु ग्रह को मजबूत करने और करियर में सफलता पाने के लिए पूर्णिमा के दिन दान का बड़ा महत्व है।
इस दिन किसी जरूरतमंद या ब्राह्मण को पीली चीजें जैसे- चने की दाल, हल्दी, पीले वस्त्र या फल दान करें। इससे आर्थिक उन्नति के नए रास्ते खुलते हैं।
चंद्रमा को अर्घ्य देने की सही विधि
पूर्णिमा की रात को चंद्र देव की पूजा करने से चंद्र दोष दूर होता है। रात में एक लोटे में जल लें और उसमें थोड़ा सा कच्चा दूध, चावल, चीनी और सफेद फूल मिला लें।
इसके बाद चंद्रमा को अर्घ्य दें और अपने परिवार की सुख-शांति की प्रार्थना करें। इससे मानसिक तनाव कम होता है और धन-धान्य की वृद्धि होती है।

















