Vastu Tips : वास्तु शास्त्र के अनुसार नए घर में बसने से पहले गृह प्रवेश की पूजा करना केवल एक परंपरा नहीं, बल्कि परिवार की सुरक्षा और खुशहाली का आधार है।
मान्यता है कि विधि-विधान से की गई पूजा घर से नकारात्मक शक्तियों को दूर कर सकारात्मक ऊर्जा का संचार करती है। सही नियमों के पालन से न केवल मानसिक शांति मिलती है, बल्कि आर्थिक संपन्नता के द्वार भी खुलते हैं।
मुख्य द्वार से प्रवेश की सही विधि
नए घर में कदम रखते समय इस बात का विशेष ध्यान रखें कि आपका दाहिना पैर सबसे पहले अंदर जाए। वास्तु विज्ञान में दाहिने पैर से प्रवेश को सौभाग्य और प्रगति का प्रतीक माना गया है।
घर में प्रवेश करते समय कभी भी खाली हाथ न जाएं। अपने साथ अक्षत (चावल), फल या अपनी सामर्थ्य के अनुसार कुछ धन लेकर ही गृह प्रवेश करें।
घर की सफाई और झाड़ू का स्थान
पूजा और प्रवेश से पहले पूरे घर को अच्छी तरह साफ कर लेना चाहिए। वास्तु के अनुसार, गृह प्रवेश वाले दिन घर में झाड़ू किसी के सामने नहीं आनी चाहिए।
इसे किसी ऐसी जगह छिपाकर रखें जहां बाहर से आने वाले की नजर न पड़े। ऐसा माना जाता है कि झाड़ू को छिपाकर रखने से घर पर मां लक्ष्मी की विशेष कृपा बनी रहती है।
रंगों का चयन और कन्या पूजन का महत्व
गृह प्रवेश के शुभ अवसर पर वस्त्रों के रंगों का चुनाव सोच-समझकर करना चाहिए। इस दिन काले या नीले रंग के कपड़े पहनना वर्जित माना गया है, क्योंकि ये रंग नकारात्मकता को दर्शाते हैं।
इसके बजाय शुभ रंगों के वस्त्र धारण करें। साथ ही, प्रवेश के दिन कन्या पूजन करना अत्यंत लाभकारी होता है। कन्याओं को मां दुर्गा का स्वरूप मानकर उन्हें भोजन कराने से जीवन में खुशहाली आती है।



















