home ताज़ा समाचार देश विदेश क्राइम मनोरंजन बिजनेस ऑटो गैजेट्स खेल हेल्थ लाइफस्टाइल धर्म राशिफल लव राशिफल अंक राशिफल पंचांग करियर ट्रेंडिंग वीडियो

Uttarakhand Census 2027: अब घर बैठे ऑनलाइन दर्ज करें परिवार की जानकारी, मुख्यमंत्री ने की शुरुआत

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आवास में अपनी 'स्व-गणना' पूरी कर उत्तराखंड में जनगणना 2027 के पहले चरण का औपचारिक शुभारंभ किया। यह देश की पहली पूर्ण डिजिटल जनगणना है जिसमें नागरिक पोर्टल के जरिए खुद अपनी जानकारी दर्ज कर सकेंगे।

Uttarakhand Census 2027: अब घर बैठे ऑनलाइन दर्ज करें परिवार की जानकारी, मुख्यमंत्री ने की शुरुआत

HIGHLIGHTS

  • डिजिटल पहल: पहली बार नागरिक खुद ऑनलाइन पोर्टल पर परिवार का विवरण भर सकेंगे।
  • पहला चरण: 'हाउस लिस्टिंग और हाउसिंग जनगणना' (HLO) के साथ प्रक्रिया शुरू।
  • डेटा सुरक्षा: सरकार ने व्यक्तिगत आंकड़ों की पूर्ण गोपनीयता और सांख्यिकीय उपयोग का आश्वासन दिया।

देहरादून, 11 अप्रैल 2026 (दून हॉराइज़न)।

Uttarakhand Census 2027 : उत्तराखंड में आगामी जनगणना 2027 की औपचारिक प्रक्रिया शुरू हो गई है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को मुख्यमंत्री आवास में अपनी और अपने परिवार की ‘स्व-गणना’ (Self Enumeration) पूरी कर इस डिजिटल अभियान का आगाज किया। इस मौके पर जनगणना विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को डिजिटल पोर्टल की कार्यप्रणाली और डेटा संग्रह की बारीकियों से अवगत कराया।

मुख्यमंत्री ने इस पहल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के डिजिटल इंडिया विजन का हिस्सा बताते हुए कहा कि देश पहली बार पूरी तरह डिजिटल जनगणना की ओर बढ़ रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस माध्यम से एकत्र किए गए आंकड़े न केवल सटीक होंगे, बल्कि पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता भी सुनिश्चित करेंगे। मुख्यमंत्री के साथ इस दौरान उनकी पत्नी गीता धामी और जनगणना संचालन निदेशक ईवा श्रीवास्तव समेत अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

हाउस लिस्टिंग से हुई शुरुआत

जनगणना 2027 का वर्तमान चरण ‘हाउस लिस्टिंग और हाउसिंग जनगणना’ (HLO) पर केंद्रित है। इसके तहत राज्य के प्रत्येक परिवार की आवासीय स्थिति, उपलब्ध बुनियादी सुविधाओं और घरेलू विवरणों की जानकारी जुटाई जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, डिजिटल मोड अपनाने से गणना के दौरान होने वाली मानवीय त्रुटियों की संभावना कम हो जाएगी और डेटा प्रोसेसिंग की गति तेज होगी।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जनगणना का यह कार्य पूरी तरह समयबद्ध और प्रभावी तरीके से संपन्न किया जाए। उन्होंने जोर दिया कि सटीक डेटा ही भविष्य में राज्य और देश की कल्याणकारी नीतियों के निर्माण का मुख्य आधार बनेगा, इसलिए इसकी शुद्धता से कोई समझौता नहीं होना चाहिए।

आम जनता के लिए ‘स्व-गणना’ की सुविधा

इस बार की जनगणना की सबसे बड़ी विशेषता ‘स्व-गणना’ पोर्टल है। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से अपील की है कि वे स्वयं आगे आकर इस पोर्टल का उपयोग करें। उन्होंने कहा, “नागरिक अब स्वयं ऑनलाइन माध्यम से अपने परिवार की सही जानकारी दर्ज कर सकते हैं। यह न केवल प्रक्रिया को सरल बनाता है, बल्कि भविष्य की योजनाओं को जमीन पर उतारने में भी सहायक सिद्ध होगा।”

सुरक्षा चिंताओं पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि जनगणना के दौरान लिए गए सभी आंकड़ों की सुरक्षा के लिए कड़े तकनीकी प्रावधान किए गए हैं। इन जानकारियों का उपयोग केवल सांख्यिकीय उद्देश्यों और नीति निर्धारण के लिए किया जाएगा।


देश और दुनिया की ताज़ा ख़बरों (Latest Hindi News) के लिए जुड़े रहें Doon Horizon के साथ। राजनीति (Politics), खेल, मनोरंजन, टेक्नोलॉजी और एजुकेशन से जुड़े हर लाइव अपडेट (Live Updates) और ब्रेकिंग न्यूज़ (Breaking News in Hindi) सबसे पहले पाएं। पढ़िए आपके काम की हर बड़ी खबर, सिर्फ एक क्लिक पर।


Harpreet Singh

हरप्रीत सिंह पिछले 10 वर्षों से 'दून हॉराइज़न' के साथ जुड़े हुए हैं. पत्रकारिता के क्षेत्र में एक दशक का अनुभव रखने वाले हरप्रीत की उत्तराखंड और अन्य राज्यों की खबरों पर गहरी पकड़ है. उन्होंने अपनी उच्च शिक्षा में उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय से एमबीए (MBA) की डिग्री हासिल की है. इसके अलावा, उन्होंने भारतीय विद्या भवन, मुंबई से पब्लिक रिलेशंस (जनसंपर्क) में पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा भी पूरा किया है. अपने अनुभव और शिक्षा के माध्यम से वे पाठकों तक सटीक और विश्लेषणात्मक खबरें पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं.

Leave a Comment