देहरादून। उत्तराखंड के आसमान में छाए घने बादलों और सक्रिय हुए पश्चिमी विक्षोभ ने पूरे राज्य में ठंड की वापसी करा दी है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने सोमवार को राज्य के सात प्रमुख जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट (Uttarakhand Weather Update) जारी करते हुए नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी है। पहाड़ों में हो रही लगातार बर्फबारी से न केवल तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है, बल्कि मैदानी क्षेत्रों में तेज अंधड़ का खतरा भी मंडरा रहा है।
देहरादून मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक के मुताबिक, हरिद्वार, उधम सिंह नगर, देहरादून, टिहरी, पौड़ी, नैनीताल और चंपावत जिलों में आज गरज-चमक के साथ ओलावृष्टि और 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने के आसार हैं। उत्तरकाशी, चमोली और रुद्रप्रयाग जैसे उच्च हिमालयी क्षेत्रों में 3200 मीटर से अधिक की ऊंचाई पर भारी हिमपात की संभावना जताई गई है, जिससे चारधाम यात्रा मार्ग पर भी कड़ाके की ठंड महसूस की जा रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस बेमौसम बारिश से जंगलों में लगी आग (वनाग्नि) की घटनाओं पर तो अंकुश लगेगा, लेकिन यह किसानों के लिए चिंता का सबब बन गई है। वर्तमान में राज्य में गेहूं और बागवानी की फसलें तैयार होने के करीब हैं, ऐसे में ओलावृष्टि से 15-20% तक नुकसान की आशंका जताई जा रही है। विशेषकर हर्षिल जैसे क्षेत्रों में सेब की खेती पर इसका प्रतिकूल असर पड़ सकता है, जहां रात का तापमान गिरकर -10°C तक पहुंच रहा है।

राजधानी देहरादून में आज आसमान पूरी तरह बादलों से घिरा रहेगा और शाम तक हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। यहां अधिकतम तापमान 29°C और न्यूनतम तापमान 14°C के आसपास रहने की उम्मीद है। प्रशासन ने पर्यटकों और स्थानीय निवासियों को खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने और ऊंचे पहाड़ी इलाकों में यात्रा न करने की सलाह दी है।








