Home Remedies For Termites : घर की मजबूती और खूबसूरती के सबसे बड़े दुश्मन यानी दीमक को अब आप बिना महंगे केमिकल ट्रीटमेंट के (Home Remedies For Termites) हमेशा के लिए खत्म कर सकते हैं।
दीमक एक ऐसा साइलेंट किलर है जो शुरुआत में दिखाई नहीं देता, लेकिन धीरे-धीरे लकड़ी, फर्नीचर और दरवाजों के ढांचे को भीतर से नष्ट कर देता है।
इन कारणों से घर में घुसती है दीमक
नमी और सीलन: घर की दीवारों में मौजूद नमी दीमक के पनपने के लिए सबसे अनुकूल माहौल तैयार करती है।
लकड़ी का अत्यधिक उपयोग: फर्श या दीवारों के पास रखी लकड़ी की वस्तुएं इन्हें सीधा निमंत्रण देती हैं।
दीवारों की दरारें: दरारों के जरिए ये कीड़े जमीन से ऊपर की ओर रास्ता बना लेते हैं।
गीली मिट्टी: अगर घर की बाहरी दीवारों का संपर्क सीधे गीली मिट्टी से है, तो संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है।
सफाई का अभाव: लंबे समय तक बंद पड़े कमरों या स्टोर रूम में दीमक तेजी से फैलती है।
कैसे पहचानें कि घर में दीमक लग चुकी है?
दीमक की मौजूदगी का पता लगाने के लिए कुछ खास संकेतों पर गौर करना जरूरी है। यदि लकड़ी को ठोकने पर वह खोखली महसूस हो रही है या दरवाजों को खोलते-बंद करते समय अजीब आवाज आ रही है, तो समझ लीजिए दीमक अपना काम शुरू कर चुकी है।
दीवारों पर मिट्टी की बारीक लकीरें या परत का गिरना और फर्नीचर के पास सफेद रंग के छोटे कीड़ों का दिखना इसके पुख्ता लक्षण हैं।
दीमक से छुटकारा पाने के अचूक उपाय
दीमक को नियंत्रित करने के लिए नीचे दिए गए प्राकृतिक और प्रभावी तरीकों का पालन करें:
नीम का तेल (Neem Oil): यह दीमक के प्रजनन चक्र को रोकने में सबसे कारगर है। जहां भी संक्रमण दिखे, वहां नीम के तेल का सीधा स्प्रे करें।
बोरिक एसिड (Boric Acid): बोरिक एसिड को पानी में घोलकर एक स्प्रे बोतल में भर लें। इसे प्रभावित क्षेत्रों पर डालें। ध्यान रहे कि यह बच्चों और पालतू जानवरों की पहुंच से दूर हो।
केरोसिन तेल (Kerosene): मिट्टी का तेल यानी केरोसिन अपनी तेज गंध और रासायनिक संरचना से दीमक को तुरंत मार देता है। इसे इंजेक्शन या रूई की मदद से दीमक के छेदों में डालें।
नमक और पानी का घोल: नमक और पानी का गाढ़ा मिश्रण तैयार करें। यह दीमक को डिहाइड्रेट कर देता है, जिससे वे धीरे-धीरे खत्म हो जाती हैं।
धूप और वेंटिलेशन: दीमक अंधेरे और नमी में रहती है। अगर किसी फर्नीचर में दीमक लगी है, तो उसे कम से कम 2-3 दिन तक तेज धूप में रखें।
बचाव के लिए अपनाएं ये तरीके
- घर की पाइपलाइन या छतों में होने वाली लीकेज को तुरंत ठीक करवाएं ताकि सीलन न रहे।
- फर्नीचर को सीधे दीवारों से सटाकर रखने के बजाय थोड़ा गैप रखें।
- घर के चारों ओर जल निकासी की सही व्यवस्था रखें ताकि मिट्टी गीली न रहे।















