Face Pack For Glowing Skin : बदलते मौसम और प्रदूषण का सीधा असर हमारी त्वचा पर पड़ता है। चेहरे की चमक बनाए रखने के लिए हर बार महंगे कॉस्मेटिक्स या पार्लर ट्रीटमेंट की जरूरत नहीं होती।
घर की रसोई और आयुर्वेद में कई ऐसी चीजें मौजूद हैं, जो स्किन को बिना किसी नुकसान के हेल्दी बनाए रखती हैं।
अगर आपकी त्वचा बेजान दिख रही है या धूप की वजह से टैनिंग हो गई है, तो सिर्फ 3 चीजों से बना यह फेस पैक आपके लिए काफी मददगार साबित हो सकता है।
फेस पैक बनाने के लिए जरूरी सामग्री
- मुलेठी पाउडर: 1 छोटा चम्मच
- कच्चा दूध: 1 बड़ा चम्मच (पेस्ट बनाने अनुसार)
- शहद: 1 छोटा चम्मच (शुद्ध)
घर पर मुलेठी पाउडर कैसे तैयार करें?
बाजार के मिलावटी पाउडर से बचने के लिए आप पंसारी की दुकान से साबुत मुलेठी की जड़ें ला सकते हैं। इसे एक दिन अच्छी धूप में सुखा लें।

इसके बाद इसे ओखली में हल्का कूटकर मिक्सी में बारीक पीस लें। इस पाउडर को बारीक छलनी से छानकर किसी कांच के एयरटाइट डिब्बे में रख लें। यह महीनों तक खराब नहीं होता।
लगाने का आसान तरीका
- एक साफ कटोरी में मुलेठी पाउडर, दूध और शहद को अच्छी तरह मिला लें।
- जब एक स्मूद और गाढ़ा पेस्ट तैयार हो जाए, तो चेहरे को सादे पानी से धोकर सुखा लें।
- अब इस पैक को उंगलियों या ब्रश की मदद से चेहरे और गर्दन पर समान रूप से लगाएं।
- इसे लगभग 10 से 15 मिनट तक चेहरे पर लगा रहने दें।
- जब पैक हल्का सूख जाए, तो चेहरे पर पानी के छींटे मारकर हल्के हाथों से मसाज करते हुए इसे साफ कर लें।
त्वचा को कैसे फायदा पहुंचाती हैं ये चीजें?

मुलेठी: मुलेठी में मौजूद प्राकृतिक तत्व त्वचा में मेलेनिन के अत्यधिक उत्पादन को संतुलित करने में मदद करते हैं। इसके एंटी-बैक्टीरियल गुण पिंपल्स को रोकते हैं और पुराने दाग-धब्बों को हल्का करते हैं।
दूध: कच्चे दूध में लैक्टिक एसिड होता है, जो स्किन की डेड सेल्स को हटाकर नेचुरल क्लींजर का काम करता है। इससे त्वचा की रंगत साफ होती है।
शहद: शहद त्वचा में नमी को लॉक करता है। यह स्किन को रूखेपन से बचाता है और चेहरे को नेचुरल सॉफ्टनेस देता है।

इस्तेमाल के दौरान ध्यान रखने योग्य बातें
- इस फेस पैक का इस्तेमाल हफ्ते में 1 से 2 बार करना काफी रहता है।
- अगर आपकी स्किन बहुत ज्यादा ऑयली या एक्ने-प्रोन है, तो दूध की जगह गुलाब जल का इस्तेमाल भी किया जा सकता है।
- पहली बार इस्तेमाल करने से पहले हाथ या गर्दन के छोटे हिस्से पर पैच टेस्ट जरूर करें, ताकि किसी भी तरह की एलर्जी से बचा जा सके।







