Cholesterol Control Cooking Oil : शरीर में बढ़ता बैड कोलेस्ट्रॉल दिल की सेहत का सबसे बड़ा दुश्मन बनता जा रहा है। जब खून की नसों (ब्लड वेसल्स) में कोलेस्ट्रॉल जमा होने लगता है, तो इससे ब्लॉकेज पैदा होती है।
यही ब्लॉकेज आगे चलकर हार्ट के फंक्शन को बुरी तरह प्रभावित करती है, जिससे स्ट्रोक और हार्ट अटैक जैसी जानलेवा स्थितियों का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।
ऐसे गंभीर खतरे से बचने के लिए सिर्फ दवाइयां ही नहीं, बल्कि खानपान में बदलाव भी बेहद जरूरी है। डायटीशियन और हार्ट एक्सपर्ट्स का मानना है कि आप किस तेल में खाना पका रहे हैं, यह आपके दिल की सेहत तय करने में बड़ी भूमिका निभाता है।
अगर आप भी हाई कोलेस्ट्रॉल से जूझ रहे हैं, तो रसोई के तेल को बदलने का यह सही समय है।
कोल्ड प्रेस्ड ऑयल क्यों है बेहतर विकल्प?
ज्यादातर डायटीशियन अच्छी सेहत के लिए खाने में ‘कोल्ड प्रेस्ड ऑयल’ के इस्तेमाल की सलाह देते हैं। सामान्य रिफाइंड तेलों के मुकाबले कोल्ड प्रेस्ड ऑयल स्वास्थ्य के लिए कहीं ज्यादा गुणकारी होते हैं।
इसकी सबसे बड़ी वजह यह है कि इन्हें निकालने की प्रक्रिया (प्रोसेसिंग) के दौरान अत्यधिक गर्मी का इस्तेमाल नहीं होता।
इस वजह से तेल में मौजूद जरूरी विटामिन्स, हेल्दी फैट्स और एंटीऑक्सीडेंट्स जलकर खत्म नहीं होते, बल्कि सुरक्षित रहते हैं। यही पोषक तत्व आपके शरीर को पोषण देते हैं और दिल को मजबूत बनाए रखने में मदद करते हैं।
केमिकल फ्री और इंफ्लेमेशन से बचाव
अगर आप दिल की सेहत के साथ कोई समझौता नहीं करना चाहते और बैड कोलेस्ट्रॉल को संतुलित रखना चाहते हैं, तो कुकिंग के लिए कोल्ड प्रेस्ड वैरायटी का चुनाव सबसे सुरक्षित माना जाता है।
ये तेल ‘हार्ट फ्रेंडली’ होते हैं और शरीर में बैड कोलेस्ट्रॉल के लेवल को बैलेंस करने का काम करते हैं। इन तेलों की एक और बड़ी खूबी यह है कि ये शरीर में इंफ्लेमेशन (सूजन) से लड़ने की क्षमता रखते हैं।
चूंकि इनमें हानिकारक केमिकल्स की मिलावट नहीं होती और ये अपने नेचुरल फ्लेवर (प्राकृतिक स्वाद) से भरपूर होते हैं, इसलिए ये न केवल स्वाद बढ़ाते हैं बल्कि आर्टरीज (धमनियों) को भी स्वस्थ रखने में सहायक होते हैं।















