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‘बाबा’ नाम केवल हमारा है: कोटद्वार में विशेष समुदाय की दुकान पर जमकर हुई नोकझोंक, वीडियो वायरल

पौड़ी गढ़वाल के कोटद्वार में पटेल मार्ग स्थित एक कपड़े की दुकान के नाम 'बाबा' को लेकर विवाद खड़ा हो गया। बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने नाम पर आपत्ति जताते हुए इसे बदलने की मांग की, जबकि दुकानदार का कहना है कि यह दुकान 30 साल से इसी नाम से चल रही है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने वालों पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है।

Published on: January 30, 2026 4:28 PM
'बाबा' नाम केवल हमारा है: कोटद्वार में विशेष समुदाय की दुकान पर जमकर हुई नोकझोंक, वीडियो वायरल
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HIGHLIGHTS

  1. कोटद्वार के पटेल मार्ग पर 'बाबा' नाम की दुकान को लेकर हंगामा और नोकझोंक।
  2. दुकानदार ने दी सफाई, कहा- 30 साल पुरानी है दुकान, विवाद हुआ तो नाम हटाने को तैयार।
  3. कोतवाली प्रभारी प्रदीप नेगी का बयान- कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों पर होगी कार्रवाई।
  4. स्थानीय लोगों के हस्तक्षेप से शांत हुआ मामला, वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल।

Kotdwar Shop Name Dispute : पौड़ी गढ़वाल जिले के कोटद्वार में पटेल मार्ग स्थित एक कपड़ों की दुकान के नाम को लेकर भारी हंगामा खड़ा हो गया।

‘बाबा’ नाम से चल रही इस दुकान पर कुछ युवकों ने आपत्ति जताई, जिसके बाद मामूली नोकझोंक देखते ही देखते सड़क पर तनावपूर्ण स्थिति में बदल गई। घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें युवक दुकानदार से नाम बदलने की मांग करते नजर आ रहे हैं।

विरोध कर रहे युवकों का कहना था कि ‘बाबा’ नाम रखने का अधिकार केवल हिंदू समुदाय को है। बजरंग दल के सदस्यों ने मौके पर पहुंचकर दुकान के नाम का विरोध किया और नारेबाजी की।

उनका तर्क था कि एक विशेष समुदाय के दुकानदार द्वारा यह नाम रखना अनुचित है। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस हुई जो बाद में हाथापाई तक पहुंचने लगी।

30 साल पुरानी दुकान पर विवाद क्यों?

दुकानदार ने अपना पक्ष रखते हुए स्पष्ट किया कि उनकी दुकान ‘बाबा स्कूल ड्रेस एंड मैचिंग सेंटर’ के नाम से पिछले 30 वर्षों से संचालित हो रही है। उसने साफ शब्दों में कहा कि अगर किसी समुदाय को इस नाम से आपत्ति है, तो वह बोर्ड हटाने के लिए तैयार है।

हालांकि, विवाद उस वक्त बढ़ गया जब बहस तेज हो गई। स्थिति को बिगड़ता देख आसपास के स्थानीय लोग बीच-बचाव के लिए आगे आए। लोगों ने दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर मामला शांत कराया, जिससे हालात गंभीर होने से बच गए। फिलहाल किसी के घायल होने की खबर नहीं है।

पुलिस प्रशासन की सख्ती

घटना के बाद कोतवाली प्रभारी प्रदीप नेगी ने स्पष्ट किया कि मामले की जांच की जा रही है। उन्होंने कड़े शब्दों में कहा कि किसी भी व्यक्ति या संगठन को सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की अनुमति नहीं दी जाएगी। जो भी कानून व्यवस्था को प्रभावित करेगा, उसके खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। स्थानीय लोगों के विरोध के बाद प्रदर्शनकारी वहां से लौट गए, लेकिन क्षेत्र में चर्चाओं का बाजार गर्म है।

आस्था से जुड़ा है ‘बाबा’ नाम

कोटद्वार में ‘बाबा’ शब्द का गहरा धार्मिक महत्व है। यहाँ सिद्धबली बाबा का प्रसिद्ध हनुमान मंदिर है, जहाँ देश के कोने-कोने से श्रद्धालु आते हैं। स्थानीय लोग हनुमान जी को तपस्वी और सिद्ध के रूप में पूजते हैं और अपनी दुकानों का नाम श्रद्धाभाव से ‘बाबा’ के नाम पर रखते हैं।

ऐसी मान्यता है कि गुरु गोरखनाथ बाबा ने भी यहाँ ध्यान लगाया था, जिससे यह स्थान नाथ समुदाय और यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की नाथ परंपरा के लिए भी पूजनीय है। इसी जनभावना को देखते हुए दुकान के नाम पर यह विवाद उपजा है।

Harpreet Singh

हरप्रीत सिंह पिछले 10 वर्षों से 'दून हॉराइज़न' के साथ जुड़े हुए हैं. पत्रकारिता के क्षेत्र में एक दशक का अनुभव रखने वाले हरप्रीत की उत्तराखंड और अन्य राज्यों की खबरों पर गहरी पकड़ है. उन्होंने अपनी उच्च शिक्षा में उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय से एमबीए (MBA) की डिग्री हासिल की है. इसके अलावा, उन्होंने भारतीय विद्या भवन, मुंबई से पब्लिक रिलेशंस (जनसंपर्क) में पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा भी पूरा किया है. अपने अनुभव और शिक्षा के माध्यम से वे पाठकों तक सटीक और विश्लेषणात्मक खबरें पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं. 📧 Email: harpreetssoni9@gmail.com

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