Health Tips : रसोई का सीधा संबंध हमारी सेहत से है, लेकिन हम अक्सर साफ-सफाई पर ध्यान देते हुए उन उपकरणों को नजरअंदाज कर देते हैं जिनका इस्तेमाल हम रोज करते हैं।
आपकी किचन में मौजूद कुछ सामान दिखने में भले ही काम के लगें, लेकिन असल में वे बीमारियों का घर बन चुके हैं। अगर आपकी रसोई में भी ये चीजें मौजूद हैं, तो इन्हें बिना देर किए बाहर का रास्ता दिखा दें।
जानलेवा हो सकते हैं पुराने नॉनस्टिक बर्तन
नॉनस्टिक कड़ाही या तवे का इस्तेमाल लगभग हर घर में होता है। लेकिन अगर आपके बर्तनों की कोटिंग जगह-जगह से छूट गई है, तो यह खतरे की घंटी है।
टूटी हुई कोटिंग वाले बर्तनों में खाना पकाना कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का कारण बन सकता है। ऐसे बर्तनों को तुरंत बदल देना चाहिए।
प्लास्टिक के डिब्बों का मोह छोड़ें
अक्सर हम बाहर से खाना ऑर्डर करते हैं और उन प्लास्टिक कंटेनर्स को धोकर दोबारा इस्तेमाल करने लगते हैं। इन पर भले ही ‘माइक्रोवेव सेफ’ लिखा हो, लेकिन इनका रीयूज खतरनाक है।
गर्म खाना या सामान रखने पर ये प्लास्टिक हानिकारक केमिकल छोड़ते हैं, जो सीधे हमारे शरीर में पहुंचकर नुकसान पहुंचाते हैं।
बर्तन धोने वाला स्पंज या बैक्टीरिया का घर?
लोग महीनों तक एक ही स्पंज से बर्तन साफ करते रहते हैं। हकीकत यह है कि पुराना स्पंज बैक्टीरिया का सबसे बड़ा अड्डा बन जाता है।
इससे बर्तन साफ होने के बजाय और दूषित हो जाते हैं, जिससे परिवार बीमार पड़ सकता है। इसे नियमित रूप से बदलना बेहद जरूरी है।
टूटे बर्तन और खुली पैकेटबंद चीजें
किचन में टूटी-फूटी चीनी मिट्टी, सेरेमिक या स्टील के बर्तनों को रखना भी ठीक नहीं है। इनके दरारों में गंदगी और बैक्टीरिया जमा हो जाते हैं, साथ ही चोट लगने का डर भी रहता है।
इसके अलावा, काफी समय से खुले पड़े खाने के पैकेट्स में नमी के साथ बैक्टीरिया पनप जाते हैं। एक्सपायरी डेट निकल चुकी चीजों को भी बिना सोचे डस्टबिन में डाल देना चाहिए।
दवाइयों की जगह किचन में नहीं
कई घरों में फर्स्ट-एड बॉक्स या दवाइयां रसोई में ही रखी जाती हैं। यह आदत गलत है। ऐसी मान्यता है कि रसोई में दवाएं रखने से घर के सदस्य लगातार बीमार बने रहते हैं।
साथ ही, रसोई का तापमान दवाओं की गुणवत्ता को प्रभावित कर सकता है।















