होमदेशविदेशक्राइममनोरंजनबिज़नेसऑटोमोबाइलगैजेट्सस्पोर्ट्सस्वास्थ्यलाइफस्टाइलधर्मराशिफललव राशिफलअंक राशिफलपंचांगकरियरट्रेंडिंगवीडियो
मौसम सरकारी योजना 7वां वेतन आयोगसोने चांदी का भावडीए हाईक 2026इंडियन रेलवेगणेश गोदियालमहेंद्र भट्ट पुष्कर सिंह धामी 8वां वेतन आयोगरेसिपीजब्यूटी टिप्सट्रेंडिंग टॉपिक्स

कॉल पर ठगी से बचाएगा आपका सैमसंग फोन, Samsung Galaxy S26 में मिलेगा ‘स्कैम डिटेक्शन’

सैमसंग अपनी आगामी Galaxy S26 सीरीज में गूगल पिक्सल का शक्तिशाली 'स्कैम डिटेक्शन' फीचर शामिल कर सकता है। ऐंड्रॉयड अथॉरिटी की रिपोर्ट के मुताबिक, यह फीचर रियल-टाइम में कॉल और मैसेज स्कैन कर धोखाधड़ी से बचाएगा। अगर ऐसा हुआ, तो गैलेक्सी S26 यह सुरक्षा फीचर पाने वाला पहला नॉन-पिक्सल स्मार्टफोन बन जाएगा।

Published on: January 27, 2026 11:47 AM
कॉल पर ठगी से बचाएगा आपका सैमसंग फोन, Samsung Galaxy S26 में मिलेगा 'स्कैम डिटेक्शन'
Join Our Whatsapp Channel

HIGHLIGHTS

  1. नया फीचर: सैमसंग Galaxy S26 में पिक्सल का 'स्कैम डिटेक्शन' आने के संकेत।
  2. कैसे काम करेगा: कॉल और मैसेज के दौरान संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत अलर्ट मिलेगा।
  3. सबूत: गूगल फोन ऐप के कोड में S26 सीरीज के मॉडल नंबर दिखाई दिए हैं।
  4. चुनौती: यूजर्स को इसके लिए सैमसंग डायलर की जगह गूगल फोन ऐप इस्तेमाल करना पड़ सकता है।

Samsung Galaxy S26 : सैमसंग अपने प्रीमियम यूजर्स को डिजिटल धोखाधड़ी से बचाने के लिए एक बड़ा कदम उठाने जा रहा है। ताजा रिपोर्ट्स के मुताबिक, कंपनी अपनी अपकमिंग Galaxy S26 सीरीज में गूगल पिक्सल का मशहूर ‘स्कैम डिटेक्शन’ (Scam Detection) फीचर ला सकती है। यह फीचर अब तक सिर्फ गूगल के पिक्सल फोन्स तक सीमित था।

कॉल के दौरान ही पकड़ी जाएगी धोखाधड़ी

यह फीचर आम स्पैम फिल्टर से काफी अलग और एडवांस है। पिक्सल 9 लाइनअप के साथ लॉन्च हुआ यह सिस्टम फोन कॉल, टेक्स्ट मैसेज और चैट के दौरान होने वाली बातचीत को रियल-टाइम में एनालाइज करता है। अगर इसे बातचीत में कोई संदिग्ध पैटर्न या स्कैम का संकेत मिलता है, तो यह यूजर को तुरंत अलर्ट कर देता है। यानी, ठगी होने से पहले ही फोन आपको आगाह कर देगा।

गूगल फोन ऐप में मिले अहम सुराग

ऐंड्रॉयड अथॉरिटी की एक रिपोर्ट ने इस बड़े बदलाव की ओर इशारा किया है। ‘Phone by Google’ ऐप के लेटेस्ट वर्जन (v206.0.857916353) में कुछ ऐसे कोड मिले हैं, जो गैलेक्सी S26 सीरीज के मॉडल नंबर्स से मेल खाते हैं।

इसका सीधा मतलब है कि गूगल इस फीचर को पिक्सल से बाहर निकालकर सैमसंग के नेक्स्ट-जेनरेशन फ्लैगशिप फोन पर टेस्ट कर रहा है। अगर यह टेस्टिंग सफल रहती है, तो Galaxy S26 दुनिया का पहला नॉन-पिक्सल फोन होगा जिसमें यह हाई-टेक सुरक्षा मिलेगी।

यूजर्स के लिए क्या होगी चुनौती?

इस फीचर को इस्तेमाल करने में एक तकनीकी पेच भी है। सैमसंग के फोन्स में गूगल का फोन ऐप पहले से इंस्टॉल नहीं आता; वे अपने खुद के ‘सैमसंग डायलर’ का इस्तेमाल करते हैं।

स्कैम डिटेक्शन का फायदा उठाने के लिए गैलेक्सी यूजर्स को प्ले स्टोर से गूगल फोन ऐप मैन्युअली इंस्टॉल कर उसे डिफॉल्ट सेट करना पड़ सकता है। हालांकि, यह अभी स्पष्ट नहीं है कि यूजर द्वारा इंस्टॉल किए गए ऐप को स्कैम पकड़ने के लिए जरूरी सिस्टम परमिशन मिल पाएगी या नहीं।

भारत में AI से होती है निगरानी

तकनीकी स्तर पर देखें तो भारत, अमेरिका और यूके जैसे देशों में पिक्सल 9 सीरीज (पिक्सल 9a को छोड़कर) इस फीचर को चलाने के लिए ‘जेमिनी नैनो’ (Gemini Nano) एआई कोर का इस्तेमाल करती है।

वहीं, पुराने पिक्सल मॉडल्स मशीन लर्निंग मॉडल पर निर्भर हैं। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि सैमसंग की S26 सीरीज में गूगल इसे किस तकनीक के साथ इंटीग्रेट करता है।

Prateek Sharma

प्रतीक शर्मा एक तकनीक-प्रेमी लेखक हैं, जो मोबाइल और टेक्नोलॉजी जगत की गहरी समझ रखते हैं। इनोवेशन (नवाचार) के प्रति अपने जुनून के चलते, वह टेक्नोलॉजी के नवीनतम ट्रेंड्स, नए गैजेट लॉन्च और तकनीकी प्रगति पर विस्तृत व ज्ञानवर्धक लेख तैयार करते हैं। उनकी लेखन शैली की खासियत यह है कि वह जटिल तकनीकी विषयों को भी बेहद सरल भाषा में प्रस्तुत करते हैं। प्रतीक शर्मा पिछले चार वर्षों से 'दून हॉराइज़न' के साथ जुड़े हुए हैं। 📧 Email: pratiksharma903@gmail.com

Leave a Reply

Discover more from Doon Horizon

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading