8th Pay Commission Latest Update : केंद्र सरकार ने 8वां वेतन आयोग लागू होने से पहले अपने कर्मचारियों को वित्तीय सुरक्षा का एक बड़ा तोहफा दिया है.
डिपार्टमेंट ऑफ फाइनेंशियल सर्विसेज ने सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के साथ मिलकर ‘कंपोजिट सैलरी अकाउंट पैकेज’ की शुरुआत की है. यह नई व्यवस्था केंद्रीय कर्मचारियों के सैलरी अकाउंट को महज एक बचत खाते से बदलकर एक संपूर्ण ‘वेल्थ पैकेज’ बना देगी.
2 करोड़ रुपये तक का मुफ्त बीमा कवर
इस पैकेज की सबसे बड़ी खासियत इसका इंश्योरेंस कवर है. नई व्यवस्था के तहत खाताधारकों को 2 करोड़ रुपये तक का एयर एक्सीडेंट इंश्योरेंस मिलेगा. इसके अलावा, 1.5 करोड़ रुपये का पर्सनल एक्सीडेंट कवर और 20 लाख रुपये का इन-बिल्ट टर्म लाइफ इंश्योरेंस भी शामिल है.
स्थायी विकलांगता होने की स्थिति में भी कर्मचारियों को भारी बीमा सुरक्षा दी जाएगी. साथ ही, कर्मचारी और उनके परिवार के लिए हेल्थ इंश्योरेंस की सुविधा भी इसी पैकेज का हिस्सा होगी. अब कर्मचारियों को अलग से महंगा बीमा खरीदने की चिंता नहीं करनी होगी.
लोन और बैंकिंग हुआ सस्ता
सरकारी कर्मचारियों के लिए अपना घर या गाड़ी खरीदना अब पहले से ज्यादा किफायती होगा. कंपोजिट सैलरी पैकेज के तहत होम लोन, एजुकेशन लोन, वाहन और पर्सनल लोन पर ब्याज दरें कम होंगी. बैंकों ने लोन की प्रोसेसिंग फीस में भी कटौती करने का प्रावधान रखा है.
बैंकिंग सुविधाओं को भी प्रीमियम बनाया गया है. अब कर्मचारियों को जीरो बैलेंस की चिंता नहीं करनी होगी, क्योंकि अकाउंट मेंटेनेंस चार्ज पूरी तरह माफ रहेगा. इसके साथ ही लॉकर लेने पर किराए में छूट, डेबिट-क्रेडिट कार्ड पर रिवॉर्ड्स और एयरपोर्ट लाउंज एक्सेस जैसी सुविधाएं भी मिलेंगी.
पुराने खाते भी होंगे अपग्रेड
सरकार ने स्पष्ट किया है कि यह सुविधा सिर्फ नए कर्मचारियों के लिए नहीं है. बैंकों को निर्देश दिए गए हैं कि वे कर्मचारियों की सहमति से उनके मौजूदा सैलरी अकाउंट को इस नए पैकेज में कन्वर्ट करें. इसके लिए सरकारी दफ्तरों में जागरूकता अभियान चलाए जाएंगे और बैंक सीधे कर्मचारियों से संपर्क करेंगे.
सरकार का यह कदम ‘विकसित भारत 2047’ और ‘इंश्योरेंस फॉर ऑल’ जैसे लक्ष्यों से प्रेरित है. इसका सीधा मकसद सरकारी नौकरी को सिर्फ स्थिर आय का जरिया न रखकर, उसे परिवार की पूरी वित्तीय सुरक्षा की गारंटी बनाना है.



















