High Cortisol Symptoms : आजकल की व्यस्त जीवनशैली में तनाव का होना आम बात है, लेकिन जब यह जरूरत से ज्यादा और लंबे समय तक बना रहे, तो शरीर चेतावनी देने लगता है।
मेडिकल भाषा में इसे कोर्टिसोल का बढ़ना कहते हैं। कोर्टिसोल एक तनाव हार्मोन है जो खतरे के समय शरीर को सतर्क करता है, लेकिन इसका लगातार बढ़ा हुआ स्तर सेहत के लिए गंभीर समस्याएं खड़ी कर सकता है।
आंखों की रोशनी और फड़कन पर सीधा असर
लगातार तनाव में रहने से आंखों की रोशनी को नुकसान पहुंच सकता है। जब शरीर में कोर्टिसोल का लेवल हाई होता है, तो आंखों पर दबाव बढ़ता है।
इससे आंखें सूखी रहना, धुंधला दिखना और ‘सेंट्रल सीरस रेटिनोपैथी’ जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
अध्ययनों में यह बात सामने आई है कि बढ़ा हुआ कोर्टिसोल शरीर में ठीक वैसे ही काम करता है जैसे कैफीन।
यह तंत्रिका तंत्र (Nervous System) को उत्तेजित कर देता है। इसका सीधा असर आंखों के आसपास की छोटी मांसपेशियों पर पड़ता है, जिससे उनमें सिकुड़न या ऐंठन होती है और आंखें फड़कने लगती हैं।
त्वचा और मुहांसों का कनेक्शन
अगर आपकी त्वचा पर अचानक बदलाव दिख रहे हैं, तो इसका जिम्मेदार आपका तनाव हो सकता है। लंबे समय तक तनाव रहने से शरीर में सूजन (Inflammation) की स्थिति बन जाती है।
कोर्टिसोल त्वचा से निकलने वाले तेल की मात्रा को बढ़ा देता है। यही कारण है कि ज्यादा तनाव लेने वाले लोगों को मुहांसे, एक्जिमा और त्वचा में जलन जैसी शिकायतों का सामना करना पड़ता है।
कानों में अजीब आवाजें सुनाई देना
क्या आपको कभी बिना किसी वजह के कानों में घंटी बजने, भिनभिनाने या फुसफुसाहट जैसी आवाजें सुनाई देती हैं? इसे नजरअंदाज न करें। यह ‘टिनिटस’ का लक्षण हो सकता है जो सीधे तौर पर तनाव से जुड़ा है।
तनाव के कारण कोर्टिसोल हार्मोन रक्त प्रवाह और नसों के काम करने के तरीके को प्रभावित करता है, जिससे कानों में इस तरह की आवाजें आने लगती हैं।
जन, पाचन और चेहरे की सूजन
कोर्टिसोल शरीर में नमक और पानी का संतुलन बनाए रखता है, लेकिन इसके असंतुलित होने पर शरीर का आकार बदलने लगता है। इसे ‘कुशिंग सिंड्रोम’ का खतरा भी माना जाता है, जिसमें चेहरे, छाती और पेट पर फैट जमा होने लगता है।
इसके अलावा, यह आंत के अच्छे बैक्टीरिया को कमजोर कर देता है, जिससे पाचन तंत्र बिगड़ जाता है।
कुछ लोगों में तनाव की वजह से भूख गायब हो जाती है और वजन गिरता है, जबकि कई लोग ज्यादा खाने लगते हैं जिससे वजन तेजी से बढ़ता है।















