Nutrient Deficiency Signs : कई बार हम मानते हैं कि हम हेल्दी खाना खा रहे हैं, फिर भी शरीर में सुस्ती और छोटी-मोटी परेशानियां खत्म नहीं होतीं। दरअसल, पेट भर खाना और शरीर को पोषण मिलना दो अलग बातें हैं।
थकान और सुस्ती का असली कारण
अगर आप अक्सर थका हुआ महसूस करते हैं, तो यह केवल नींद की कमी नहीं है। यह आयरन, विटामिन बी12 और मैग्नीशियम की कमी हो सकती है। ये पोषक तत्व मेटाबॉलिज्म को बूस्ट करते हैं और शरीर में ऑक्सीजन पहुंचाने का काम करते हैं। इनकी कमी से ऊर्जा का स्तर गिर जाता है।
बाल और नाखूनों की कमजोरी
जिंक, बायोटिन, प्रोटीन और आयरन की कमी का सबसे पहला असर आपकी खूबसूरती पर दिखता है। जब शरीर में इन तत्वों की कमी होती है, तो सिस्टम बालों और नाखूनों को पोषण देना बंद कर देता है और जरूरी अंगों को प्राथमिकता देता है। नतीजा बालों का झड़ना और नाखूनों का कमजोर होना होता है।
हाथ-पैर ठंडे रहना और ऐंठन
अगर आपके हाथ और पैर अक्सर ठंडे रहते हैं, तो इसे मौसम का असर समझकर नजरअंदाज न करें। यह आयोडीन और आयरन की कमी हो सकती है, जो थायराइड फंक्शन और रेड ब्लड सेल्स को प्रभावित करती है।
वहीं, मांसपेशियों में ऐंठन होना मैग्नीशियम, पोटेशियम या कैल्शियम की कमी का संकेत है। डॉक्टर सलाह देते हैं कि ऐंठन होने पर सिर्फ पानी पीने (हाइड्रेशन) से काम नहीं चलेगा, आपको अपनी डाइट में इन मिनरल्स को शामिल करना होगा।
ब्रेन फॉग और एकाग्रता में कमी
एकाग्रता में कमी या चीजें भूलना केवल तनाव नहीं है। यह ओमेगा-3, विटामिन डी, बी12 या कोलीन की कमी का संकेत हो सकता है। ये सभी पोषक तत्व आपके ब्रेन परफॉर्मेंस और न्यूरोट्रांसमीटर के सही काम करने के लिए अनिवार्य हैं।
त्वचा पर नील और मुंह के छाले
शरीर पर आसानी से नील (Bruising) पड़ जाना विटामिन सी या विटामिन के (K) की कमी दर्शाता है। विटामिन सी ब्लड वेसेल्स को मजबूत रखता है और विटामिन के खून का थक्का जमने में मदद करता है।
इसके अलावा, अगर मुंह के कोने बार-बार फट रहे हैं, तो यह विटामिन बी (खासकर बी2, बी6) और आयरन की कमी है।
भूख और स्वाद में बदलाव
अचानक भूख न लगना या खाने का स्वाद बदला हुआ महसूस होना भी सामान्य नहीं है। यह आयरन, जिंक या विटामिन बी12 की कमी हो सकती है। कई बार यह खराब गट हेल्थ (पेट की सेहत) से भी जुड़ा होता है। इन संकेतों को समय रहते पहचानना जरूरी है।
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