देहरादून : उत्तराखंड की राजधानी देहरादून का व्यस्त मच्छी बाजार रविवार को एक खौफनाक वारदात से दहल गया। यहां दूल्हा मार्केट के पास एक 23 वर्षीय युवती, गुंजन की सरेआम गर्दन काटकर हत्या कर दी गई।
हमलावर ने बातचीत के दौरान अचानक उस पर चापड़ (धारदार हथियार) से हमला किया। पुलिस ने आरोपी आकाश कुमार को मौके से भागने की कोशिश के बाद गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन इस घटना ने दून पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सरेआम चापड़ से किया ताबड़तोड़ हमला
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, गुंजन अपने घर से निकली थी तभी आरोपी आकाश ने उसे रोका। दोनों के बीच कुछ देर बातचीत हुई, जो बहस में बदल गई। इसी दौरान आकाश ने अपने पास छिपाकर रखे चापड़ से गुंजन की गर्दन पर वार कर दिया।
गला इतनी बुरी तरह कटा कि गुंजन लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़ी। स्थानीय लोग उसे तत्काल दून अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस जघन्य हत्याकांड के बाद इलाके में भारी तनाव है और व्यापारियों ने विरोध में बाजार की दुकानें बंद कर दीं। मौके पर फॉरेंसिक टीम ने साक्ष्य जुटाए हैं।
पुलिस की लापरवाही: शिकायत पर कार्रवाई होती तो बच जाती जान
इस हत्याकांड के पीछे स्थानीय पुलिस की घोर लापरवाही सामने आ रही है। जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपी आकाश पिछले कई दिनों से गुंजन को परेशान कर रहा था। दो दिन पहले ही उसने गुंजन को जान से मारने की धमकी दी थी।
गुंजन ने इसकी लिखित शिकायत खुड़बुड़ा पुलिस चौकी में दर्ज कराई थी। आरोप है कि पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया और ढीला रवैया अपनाया। शिकायत के बावजूद कार्रवाई न होने से आकाश के हौसले बुलंद हो गए और उसने बेखौफ होकर इस वारदात को अंजाम दे दिया।
शादीशुदा होने के बाद भी कर रहा था पीछा
पुलिस पूछताछ में पता चला है कि हत्यारोपी आकाश कुमार (27), जो मन्नूगंज खुड़बुड़ा का रहने वाला है, पहले गुंजन का दोस्त था। आकाश की शादी होने के बाद गुंजन ने उससे बातचीत बंद कर दी थी और दूरी बना ली थी।
इसके बावजूद आकाश उसका पीछा नहीं छोड़ रहा था। गुंजन पिछले 5-6 सालों से दूल्हे के कपड़ों की एक दुकान में काम करती थी। कोमल राम का बेटा आकाश, गुंजन द्वारा रिश्ता खत्म करने की बात को पचा नहीं पा रहा था।
5 दिन में तीसरी महिला की हत्या से दहशत
देहरादून जिले में महिलाओं की सुरक्षा व्यवस्था चरमरा गई है। पिछले 5 दिनों के भीतर यह किसी महिला की हत्या का तीसरा मामला है। इससे पहले 29 जनवरी को विकासनगर में 18 साल की छात्रा की गला और नाक काटकर बर्बर हत्या कर दी गई थी, जिसका आरोपी अब तक पुलिस की पकड़ से बाहर है।
वहीं, 31 जनवरी को ऋषिकेश के शिवाजी नगर में एक महिला की घर में घुसकर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। लगातार हो रही इन वारदातों से राजधानी में महिलाओं और उनके परिजनों में डर का माहौल है।



















