Dehradun Plastic Bottle Crusher Machine : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के प्लास्टिक मुक्त उत्तराखंड अभियान को धरातल पर उतारने के लिए देहरादून नगर निगम ने बड़ी पहल की है।
गुरुवार को निगम परिसर के बाहर मेयर सौरभ थपलियाल और नगर आयुक्त नमामि बंसल ने शहर की पहली ऑटोमेटेड प्लास्टिक बॉटल क्रैशर मशीन का जनता को समर्पित किया। यह तकनीक शहर की स्वच्छता प्रणाली को डिजिटल और आधुनिक बनाने की दिशा में एक अहम कदम है।
पीपीपी मोड पर संचालित होगी व्यवस्था
इस पूरी परियोजना को मनसा फैसिलिटी एंड सर्विस प्राइवेट लिमिटेड के साथ मिलकर पीपीपी (Public-Private Partnership) मोड पर चलाया जा रहा है। कंपनी इन मशीनों के जरिए एकत्रित बोतलों को क्रश कर रिसाइकिल करेगी।
नगर निगम इस कंपनी से रिसाइकिल किया हुआ कच्चा माल (रॉ मैटेरियल) खरीदेगा, ताकि प्लास्टिक कचरे का वैज्ञानिक निस्तारण सुनिश्चित हो सके।
कचरे से कंचन बनाने की तैयारी
नगर निगम इस रिसाइकिल मटेरियल का उपयोग शहर के सौंदर्यकरण के लिए करेगा। क्रश किए गए प्लास्टिक से फ्लावर पॉट, टेबल, चेयर और घर के सजावटी शोपीस बनाए जाएंगे। इन वस्तुओं को बाद में शहर के मुख्य चौराहों और सार्वजनिक स्थलों पर सजावट और जन-उपयोग के लिए रखा जाएगा, जिससे ‘वेस्ट टू वेल्थ’ की अवधारणा साकार होगी।
शहर के प्रमुख स्थानों पर लगेंगी मशीनें
नगर आयुक्त नमामि बंसल ने जानकारी दी कि फिलहाल इस पहली मशीन के फीडबैक का अध्ययन किया जाएगा। इसके बाद रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, प्रमुख पर्यटक स्थल, शैक्षणिक संस्थानों, पार्कों और मुख्य चौराहों पर ऐसी और मशीनें लगाई जाएंगी। इसके लिए निगम ने पहले ही स्थानों को चिह्नित कर लिया है, जिससे आम जनता को प्लास्टिक कचरा फेंकने के लिए बेहतर विकल्प मिल सके।



















