Maruti Suzuki Affordable Cars : देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया एक बार फिर छोटे कार बाजार में अपनी बादशाहत कायम करने के लिए पूरी तरह तैयार है।
कंपनी एक नई एंट्री-लेवल कार पर काम कर रही है, जिसे खास तौर पर उन ग्राहकों के लिए डिजाइन किया गया है जो टू-व्हीलर से सीधे चार पहिया वाहन पर शिफ्ट होना चाहते हैं।
मारुति की यह नई पेशकश न केवल कीमत में किफायती होगी, बल्कि इसमें भविष्य की तकनीक जैसे फ्लेक्स-फ्यूल और हाइब्रिड सिस्टम का भी इस्तेमाल किया जाएगा।

कंपनी के ‘मल्टी-पाथवे’ विजन के तहत इस मॉडल को पेट्रोल, CNG और माइल्ड-हाइब्रिड विकल्पों के साथ उतारा जाएगा। खास बात यह है कि सितंबर 2025 में लागू हुए GST 2.0 के बाद 4 मीटर से छोटी कारों पर लगने वाला टैक्स 28% से घटकर 18% रह गया है, जिसका सीधा लाभ इस नई कार की कीमत में दिखेगा।
ताजा आंकड़ों के मुताबिक, वित्त वर्ष 2026 के शुरुआती 11 महीनों में मारुति ने 2.20 मिलियन यूनिट्स की बिक्री के साथ 7.6% की ग्रोथ दर्ज की है। हालांकि, एंट्री-लेवल ‘मिनी सेगमेंट’ (ऑल्टो और एस-प्रेसो) की बिक्री में करीब 11.9% की गिरावट देखी गई है।
इसी दबाव को खत्म करने के लिए कंपनी अब ₹4 लाख से कम के सेगमेंट में एक बिल्कुल नया और हाई-टेक मॉडल लाने जा रही है। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि मारुति का यह नया मॉडल सीधे तौर पर रेनॉल्ट क्विड और टाटा की आने वाली किफायती कारों को टक्कर देगा।
मारुति सुजुकी के मार्केटिंग और सेल्स हेड के अनुसार, कंपनी अपनी उत्पादन क्षमता को 24 लाख यूनिट सालाना तक बढ़ा रही है और अप्रैल 2026 में एक नई असेंबली लाइन भी शुरू की जाएगी ताकि ग्राहकों को लंबा इंतजार न करना पड़े।
भारत में अभी प्रति 1000 लोगों पर सिर्फ 30 कारें हैं, और मारुति इसी बड़े गैप को भरने के लिए अपनी इस ‘अफोर्डेबल’ रणनीति पर काम कर रही है।
सेगमेंट के अनुसार तुलनात्मक आंकड़े

| सेगमेंट | सेल्स (अप्रैल-फरवरी FY26) | ग्रोथ / गिरावट | प्रमुख मॉडल्स |
| मिनी सेगमेंट | 1,00,550 यूनिट | -11.9% | ऑल्टो K10, एस-प्रेसो |
| कॉम्पैक्ट सेगमेंट | 7,36,313 यूनिट | +4.6% | वैगनआर, स्विफ्ट, बलेनो |
| यूटिलिटी व्हीकल | 6,89,631 यूनिट | +4.6% | ब्रेज़ा, ग्रैंड विटारा |
| मिड-साइज सेडान | – | -74.4% | सियाज |










