Bedroom Vastu Tips : अक्सर ऐसा होता है कि बाहर से घर लौटने पर मन को सुकून मिलने के बजाय भारीपन महसूस होने लगता है। कई बार तो घर की दीवारें भी काटने को दौड़ती हैं।
वास्तु शास्त्र मानता है कि यह सब घर में मौजूद ऊर्जा के असंतुलन के कारण होता है। अगर आपके बेडरूम में चीजों का प्लेसमेंट सही नहीं है, तो इसका सीधा असर आपकी मानसिक शांति और घर की बरकत पर पड़ता है।
कुछ आसान नियमों को अपनाकर आप इस ऊर्जा को पल भर में बदल सकते हैं।
बेडरूम में क्या न रखें
वास्तु के नियमों के मुताबिक, अपने शयनकक्ष (बेडरूम) में भूलकर भी भगवान की मूर्तियां स्थापित नहीं करनी चाहिए। हालांकि, सजावट के लिए कलात्मक मूर्तियां रखी जा सकती हैं, लेकिन पूजा वाली मूर्तियां यहां वर्जित हैं।
इसके अलावा, बेडरूम में कभी भी अनाज का भंडारण न करें। माना जाता है कि ऐसा करने से अन्न देवता नाराज होते हैं, जिससे घर की सुख-समृद्धि पर बुरा असर पड़ता है। साथ ही, कमरे में तराजू रखना या किसी चीज को तौलना भी वास्तु दोष को न्योता देता है।
शीशा और बेड का सही तालमेल
बेडरूम का वास्तु सही रखने के लिए शीशे की स्थिति सबसे अहम है। कोशिश करें कि कमरे में शीशा न हो, लेकिन अगर है तो उसे बेड से दूर रखें।
यह सुनिश्चित करना जरूरी है कि बेड पर लेटे हुए व्यक्ति का प्रतिबिंब शीशे में न दिखे। अगर ऐसा होता है, तो शीशे की जगह बदल दें या उसे ढककर रखें।
साफ-सफाई और रंगों का चयन
हम अक्सर जगह बचाने के लिए बेड के नीचे पुराना सामान या भारी चीजें ठूंस देते हैं। वास्तु के नजरिए से यह आदत बिल्कुल गलत है। बेड के नीचे खाली स्थान होना चाहिए ताकि ऊर्जा का प्रवाह बना रहे।
यहां भारी इलेक्ट्रॉनिक सामान रखने से भी बचें। कमरे की दीवारों पर गहरे रंगों के बजाय हल्के और वाइब्रेंट कलर्स का इस्तेमाल करें। नियमित सफाई और सही व्यवस्था से ही घर की नेगेटिविटी को दूर किया जा सकता है।
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