Mandir Vastu : हिंदू धर्म में नित्य पूजा-पाठ से मन को शांति मिलती है और घर का वातावरण शुद्ध होता है। अक्सर हम पूरी श्रद्धा से भगवान को फूल तो चढ़ा देते हैं, लेकिन उन्हें हटाने को लेकर लापरवाही कर जाते हैं।
कई बार जानकारी के अभाव में लोग चढ़ाए गए फूलों को कई दिनों तक मंदिर में ही पड़े रहने देते हैं। वास्तु शास्त्र में इसे लेकर स्पष्ट नियम बताए गए हैं, जिनका पालन न करने पर पूजा का पूर्ण फल नहीं मिल पाता।
शाम होने से पहले हटा दें फूल
वास्तु शास्त्र के नियमों के मुताबिक, मंदिर में भगवान को चढ़ाए गए फूलों को बहुत देर तक नहीं रखना चाहिए। विशेष रूप से शाम होने से पहले इन फूलों को मंदिर से हटा लेना सबसे सही माना जाता है।
अगर आप सुबह पूजा करते हैं, तो सूर्यास्त से पहले निर्मल्य (चढ़ाए हुए फूल) को वहां से उठा लें।
सूखे फूल बढ़ाते हैं घर में कलह
मंदिर में सूखे हुए फूल रखना बेहद अशुभ माना जाता है। वास्तु के अनुसार, मुरझाए या सूखे हुए फूलों से नकारात्मक ऊर्जा निकलने लगती है।
यह ऊर्जा घर के माहौल को तनावपूर्ण बना देती है। इतना ही नहीं, माना जाता है कि बासी फूलों की वजह से घर के सदस्यों में बेवजह गुस्सा बढ़ता है और आपसी विवाद होने लगते हैं।
इसलिए फूल सूखने का इंतजार न करें और समय रहते उन्हें विसर्जित करें।
फूल चढ़ाने का सही तरीका क्या है?
सिर्फ फूल हटाना ही नहीं, उन्हें चढ़ाने का तरीका भी सही होना चाहिए। अगर आप अपने घर के गमलों या बगीचे से फूल तोड़ रहे हैं, तो पहले स्नान करें। अशुद्ध अवस्था में तोड़े गए फूल भगवान स्वीकार नहीं करते।
तोड़ने के बाद फूलों को साफ पानी से धोना जरूरी है। चढ़ाते समय ध्यान रखें कि फूल को हमेशा उसकी डंठल की तरफ से पकड़ें और फिर देवता को अर्पित करें।
इन छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखकर आप घर के वास्तु को ठीक रख सकते हैं।



















