Narela Murder Case : दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने नरेला इंडस्ट्रियल एरिया में हुए एक चर्चित हत्याकांड की गुत्थी सुलझा ली है। पुलिस ने हत्या के आरोप में तीन सगे भाइयों को बिहार के बेगूसराय जिले से गिरफ्तार किया है। ये तीनों आरोपी 20 सितंबर 2025 को हुई वारदात के बाद से लगातार फरार चल रहे थे और गिरफ्तारी से बचने के लिए बार-बार अपने ठिकाने बदल रहे थे।
खूनी रंजिश और दिनदहाड़े चाकूबाजी
डीसीपी पंकज कुमार के अनुसार, यह हत्या पुरानी रंजिश और बदले की भावना से की गई थी। शिकायतकर्ता अकबर ने पुलिस को बताया था कि आरोपी मनीष और राजेश (उर्फ हड्डी) ने उसे और उसके भाई को जान से मारने की धमकी दी थी। इसी दुश्मनी को अंजाम तक पहुंचाने के लिए मनीष अपने दोनों भाइयों और अन्य साथियों के साथ जेजे कॉलोनी बवाना पहुंचा था।
आरोपियों ने वहां अकबर और उसके दोस्तों पर हमला बोल दिया। इस दौरान अकबर के करीबी दोस्त बादशाह को निशाना बनाया गया और उसे चाकू के कई वार कर बुरी तरह घायल कर दिया गया। गंभीर हालत में बादशाह को अस्पताल ले जाया गया, जहां बाद में उसकी मौत हो गई।
1000 किमी दूर दबोचे गए आरोपी
वारदात के बाद आरोपी दिल्ली छोड़कर भाग निकले थे। स्थानीय पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की और अदालत से इनके खिलाफ गैर-जमानती वारंट भी जारी करवाए। मामले की गंभीरता को देखते हुए क्राइम ब्रांच की एनडीआर टीम को लगाया गया।
टीम ने तकनीकी सर्विलांस और स्थानीय इनपुट की मदद से पता लगाया कि आरोपी बिहार में छिपे हैं। इसके बाद इंस्पेक्टर विवेक मलिक के नेतृत्व में पुलिस टीम ने बिहार के बेगूसराय में छापेमारी कर तीनों भाइयों—मनीष, राजेश और राजा—को गिरफ्तार कर लिया।
मुख्य आरोपी का बड़ा क्रिमिनल रिकॉर्ड
पुलिस पूछताछ में तीनों भाइयों ने हत्या की बात कबूल कर ली है। जांच में सामने आया है कि मुख्य आरोपी मनीष एक शातिर अपराधी है। उस पर पहले से 35 से ज्यादा आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें हत्या का प्रयास, आर्म्स एक्ट और चोरी जैसे गंभीर अपराध शामिल हैं। पुलिस अब इस मामले में शामिल अन्य साथियों और वारदात में इस्तेमाल हथियारों की बरामदगी के लिए जांच आगे बढ़ा रही है।



















