हैदराबाद : तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद में गृह-क्लेश ने एक हंसते-खेलते परिवार को पूरी तरह उजाड़ दिया. यहां 27 वर्षीय सुषमा ने कथित तौर पर अपने 10 महीने के बेटे यशवर्धन को जहर देकर मार डाला और इसके बाद खुद भी आत्महत्या कर ली.
पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि पति के साथ चल रहे लगातार झगड़ों से तंग आकर महिला ने यह दर्दनाक फैसला लिया.
बंद कमरे में मिलीं लाशें
पुलिस के मुताबिक, सुषमा के पति यशवंत रेड्डी पेशे से चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) हैं और दोनों की शादी चार साल पहले हुई थी. घटना के वक्त सुषमा एक पारिवारिक समारोह की खरीदारी के लिए अपनी मां ललिता के घर गई हुई थीं. इसी दौरान वह अपने बेटे को लेकर एक कमरे में गईं और दरवाजा बंद कर लिया.
रात करीब 9:30 बजे जब यशवंत रेड्डी काम से लौटकर ससुराल पहुंचे, तो उन्होंने कमरे का दरवाजा अंदर से बंद पाया. काफी देर तक आवाज देने पर भी जब कोई जवाब नहीं मिला, तो उन्होंने दरवाजा तोड़ दिया.
अंदर का दृश्य भयावह था—पत्नी और बेटा दोनों अचेत पड़े थे. उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया.
सदमे में नानी ने भी की जान देने की कोशिश
इस दोहरी त्रासदी ने परिवार को तोड़कर रख दिया. सुषमा की मां ललिता जब अस्पताल पहुंचीं और अपनी बेटी व नाती को मृत अवस्था में देखा, तो वह यह सदमा बर्दाश्त नहीं कर सकीं.
बदहवास हालत में उन्होंने भी आत्महत्या का प्रयास किया. परिजनों ने मुस्तैदी दिखाते हुए उन्हें संभाला और तुरंत भर्ती कराया. फिलहाल उनका अस्पताल में इलाज चल रहा है.
पुलिस जांच और पति से विवाद
परिजनों ने पुलिस को बयान दिया है कि पिछले कुछ समय से सुषमा और यशवंत के बीच अक्सर विवाद हो रहे थे. पुलिस ने मामला दर्ज कर शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है.
परिवार के अन्य सदस्यों से पूछताछ की जा रही है ताकि यह साफ हो सके कि घटना वाले दिन ऐसा क्या हुआ था जिसने सुषमा को इतना बड़ा कदम उठाने पर मजबूर कर दिया.













