Vastu Tips for Home : घर में मौजूद वस्तुओं की दिशा और रखरखाव का सीधा असर वहां रहने वाले लोगों की तरक्की पर पड़ता है। वास्तु शास्त्र के अनुसार, रोजमर्रा की छोटी-बड़ी आदतों में बदलाव करके वास्तु दोष को खत्म किया जा सकता है।
यहां उन 6 सटीक उपायों की जानकारी दी जा रही है जो नकारात्मक ऊर्जा को रोककर घर में सुख-समृद्धि लाते हैं।
मुख्य द्वार और स्वास्तिक का महत्व
घर के मुख्य द्वार से ही ऊर्जा का प्रवेश होता है। दरवाजे पर लाल या पीले रंग का स्वास्तिक बनाना या चिपकाना चाहिए। स्वास्तिक को सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक माना गया है जो नकारात्मक शक्तियों को बाहर ही रोक देता है।
इसके साथ ही रोज सुबह मुख्य द्वार पर गंगाजल का छिड़काव करना चाहिए। यह घर की रक्षा करने वाला सबसे सरल और प्रभावी उपाय माना जाता है।
धन के लिए उत्तर दिशा में रखें नमक
उत्तर दिशा को कुबेर का स्थान माना जाता है। आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए इस दिशा में एक कांच या तांबे के कटोरे में समुद्री नमक भरकर रखें। ध्यान रहे कि इस नमक को हर हफ्ते बदलना जरूरी है।
मान्यता है कि इससे धन का प्रवाह बना रहता है और अनावश्यक खर्चों पर लगाम लगती है। यह उपाय घर में बरकत बढ़ाने के लिए किया जाता है।
झाड़ू रखने का सही नियम
घर में झाड़ू को कभी भी खड़ा करके या उत्तर-पूर्व दिशा में नहीं रखना चाहिए। इसे हमेशा दक्षिण-पश्चिम कोने में लिटाकर और कपड़े से ढककर रखें ताकि यह रात में दिखाई न दे।
ऐसी मान्यता है कि झाड़ू के सही रखरखाव से लक्ष्मी जी प्रसन्न रहती हैं और घर से नकारात्मकता दूर होती है।
नल और नीले बल्ब का प्रयोग
घर में कहीं भी नल से पानी टपकना आर्थिक नुकसान का संकेत है, इसे तुरंत ठीक करवाना चाहिए। नल बंद करते समय तीन बार ‘ॐ श्रीं नमः’ बोलने का विधान बताया गया है।
वहीं, मानसिक शांति के लिए पूजा घर या किसी कोने में रात भर नीला बल्ब जलाना चाहिए। नीला रंग नकारात्मकता सोखता है, जिससे नींद अच्छी आती है और तनाव कम होता है।
रोज सुबह ‘ॐ नमो भगवते वासुदेवाय’ मंत्र के साथ पूरे घर में गंगाजल छिड़कना भी वास्तु दोष कम करता है।
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